

सन्मार्ग संवाददाता
श्री विजय पुरम -- अंडमान और निकोबार प्रदेश कांग्रेस कमेटी की अभियान समिति के अध्यक्ष टीएसजी भास्कर ने आगामी नगरपालिका और पंचायत चुनावों में सीटों के आरक्षण के लिए निष्पक्ष, पारदर्शी और तर्कसंगत व्यवस्था अपनाने की मांग की है। उन्होंने केंद्रशासित प्रदेशों के निर्वाचन आयुक्त से अनुरोध किया है कि अंडमान और निकोबार द्वीपसमूह में आरक्षण निर्धारित करते समय संबंधित वार्डों और पंचायतों के पिछले चुनावों के इतिहास को भी ध्यान में रखा जाए।
निर्वाचन आयुक्त को सौंपे गए अपने प्रतिवेदन में भास्कर ने सीटों के आरक्षण के लिए प्रस्तावित लॉटरी प्रणाली को लेकर चिंता व्यक्त की। उन्होंने अनुरोध किया कि 28 अक्टूबर 2026 को प्रस्तावित लॉटरी प्रक्रिया आयोजित करने से पहले प्रत्येक वार्ड और पंचायत में पिछले चुनावों के दौरान हुए प्रतिनिधित्व की स्थिति का अध्ययन किया जाए।
भास्कर ने कहा कि यदि आरक्षण निर्धारित करने की प्रक्रिया में पिछले चुनावों के अभिलेखों को ध्यान में नहीं रखा जाता है, तो केवल लॉटरी के आधार पर सीटों का आवंटन हमेशा समान अवसर और न्यायसंगत चक्रीय आरक्षण सुनिश्चित नहीं कर सकता। उन्होंने बताया कि कई निर्वाचन क्षेत्रों में पुरुष उम्मीदवार लगातार दो या उससे अधिक कार्यकाल के लिए निर्वाचित होते रहे हैं, लेकिन प्रस्तावित लॉटरी व्यवस्था में ऐसे क्षेत्रों को आरक्षण के लिए प्राथमिकता मिलना आवश्यक नहीं है। इसके विपरीत, अन्य निर्वाचन क्षेत्रों का चुनाव हो सकता है, जहां प्रतिनिधित्व का पिछला इतिहास अलग रहा हो।
अधिक व्यवस्थित व्यवस्था की आवश्यकता पर जोर देते हुए भास्कर ने सुझाव दिया कि जिन वार्डों और पंचायतों में पुरुष उम्मीदवार लगातार दो या उससे अधिक कार्यकाल तक निर्वाचित हुए हैं, उन्हें आरक्षण निर्धारित करते समय प्राथमिकता दी जानी चाहिए। उन्होंने यह भी प्रस्ताव रखा कि जो निर्वाचन क्षेत्र लगातार दो कार्यकाल तक सामान्य श्रेणी में रहे हैं, उन्हें अगले आरक्षण चक्र में स्वतः आरक्षण के लिए विचाराधीन किया जाना चाहिए।
भास्कर ने कहा कि आरक्षण निर्धारित करने की प्रक्रिया का उद्देश्य विभिन्न निर्वाचन क्षेत्रों को समान अवसर उपलब्ध कराना होना चाहिए। उन्होंने जोर दिया कि इस महत्वपूर्ण विषय पर केवल लॉटरी के परिणामों पर निर्भर रहने के बजाय पिछले चुनावों के अभिलेखों, प्रतिनिधित्व की स्थिति और न्यायसंगत अवसरों को ध्यान में रखते हुए व्यवस्थित निर्णय लिया जाना चाहिए।