

सन्मार्ग संवाददाता
श्री विजय पुरम – मायाबंदर पंचायत समिति के पूर्व प्रमुख अब्दुल सिद्दीक ने दीपावली से पहले पटाखों की बढ़ती कीमतों पर नियंत्रण लगाने के लिए अंडमान एवं निकोबार प्रशासन से तत्काल आवश्यक कदम उठाने की मांग की है। उन्होंने कहा कि पटाखों की अत्यधिक कीमतों के कारण आम जनता पर आर्थिक बोझ बढ़ रहा है। विशेष रूप से आर्थिक रूप से कमजोर तथा मध्यम आय वाले परिवारों को त्योहार के दौरान काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
अंडमान एवं निकोबार द्वीपसमूह के उपराज्यपाल को लिखे पत्र में सिद्दीक ने द्वीपों में पटाखों की कथित रूप से अत्यधिक कीमत वसूले जाने का मुद्दा प्रमुखता से उठाया। उन्होंने कहा कि दीपावली खुशियों और उत्सव का त्योहार है, लेकिन पटाखों की आसमान छूती कीमतों के कारण कई माता-पिता अपने बच्चों के लिए छोटी-छोटी वस्तुएं तक खरीदने में असमर्थ हो रहे हैं। उन्होंने चिंता जताई कि पटाखों की अत्यधिक कीमतों के कारण आम परिवारों के लिए खुशियों का यह पर्व आर्थिक बोझ में बदलता जा रहा है।
सिद्दीक ने उपराज्यपाल से अनुरोध किया कि वे संबंधित विभागों और अधिकारियों को इस मामले में तत्काल कार्रवाई करने के निर्देश दें, ताकि पटाखों की उचित कीमत सुनिश्चित की जा सके और उपभोक्ताओं को अनुचित वसूली से बचाया जा सके। उन्होंने मौजूदा कीमतों की जांच कराने तथा लागू नियमों और विनियमों के अनुरूप आवश्यक मूल्य नियंत्रण व्यवस्था लागू करने की मांग की।
उन्होंने अधिकारियों से यह भी आग्रह किया कि पटाखों की बिक्री करने वाले सभी दुकानदारों को निर्धारित अथवा उचित कीमतों पर ही सामान बेचने के निर्देश दिए जाएं और ग्राहकों से मनमानी राशि वसूलने पर रोक लगाई जाए। उपभोक्ताओं के हितों की रक्षा पर जोर देते हुए उन्होंने प्रत्येक खरीदारी के तुरंत बाद ग्राहक को बिल देना अनिवार्य करने की मांग की। उन्होंने कहा कि बिल में खरीदे गए पटाखों का विवरण, उनकी मात्रा, प्रत्येक वस्तु की कीमत और भुगतान की गई कुल राशि स्पष्ट रूप से दर्ज होनी चाहिए।
इसके अतिरिक्त, सिद्दीक ने प्रशासन से पटाखा कारोबारियों और अन्य संबंधित पक्षों के साथ तत्काल बैठक आयोजित करने का अनुरोध किया। उन्होंने कहा कि इस बैठक में उत्पादों की वास्तविक लागत और उचित लाभ के आधार पर पटाखों की बिक्री की न्यायसंगत कीमतें निर्धारित की जानी चाहिए। उनके अनुसार, इस तरह की व्यवस्था से बाजार में पारदर्शिता सुनिश्चित होगी और त्योहार के दौरान आम जनता के लिए पटाखे खरीदना अपेक्षाकृत आसान हो सकेगा।
अपनी अपील के अंत में सिद्दीक ने उम्मीद जताई कि उपराज्यपाल इस मामले को गंभीरता से लेते हुए शीघ्र आवश्यक निर्देश जारी करेंगे। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को उचित कीमत सुनिश्चित करने, खरीदारी के दौरान अनिवार्य रूप से बिल उपलब्ध कराने तथा लागू नियमों का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध कार्रवाई करने के निर्देश देने का आग्रह किया।
उन्होंने कहा कि प्रशासन के प्रभावी हस्तक्षेप से उपभोक्ताओं के हितों की रक्षा की जा सकेगी और अंडमान एवं निकोबार द्वीपसमूह के परिवार बिना किसी अनावश्यक आर्थिक कठिनाई के अपने बच्चों के साथ दीपावली का त्योहार मना सकेंगे।