त्रिपुरा में हाईवे जाम की कोशिश, पूर्व उग्रवादी हिरासत में

त्रिपुरा में हाईवे जाम की कोशिश, पूर्व उग्रवादी हिरासत में

Published on: 

अगरतला :

त्रिपुरा के बरामुरा पहाड़ी क्षेत्र में राष्ट्रीय राजमार्ग को जाम करने की कोशिश को पुलिस ने शनिवार सुबह नाकाम कर दिया। इस दौरान पुलिस ने प्रतिबंधित उग्रवादी संगठनों से जुड़े रहे पूर्व उग्रवादियों के एक समूह को हिरासत में लिया। प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच हुई झड़प में दो पुलिस कांस्टेबल घायल हो गए। घायलों की पहचान प्रोसेनजीत दास और काजोल देबबर्मा के रूप में हुई है। दोनों को उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। पुलिस अधिकारी सुनीर्मल देबनाथ के अनुसार, प्रदर्शनकारी नेशनल लिबरेशन फ्रंट ऑफ त्रिपुरा (एनएलएफटी) और ऑल त्रिपुरा टाइगर फोर्स (एटीटीएफ) से जुड़े रहे थे। ये सभी रियांग समुदाय से संबंधित बताए गए हैं। समूह ने बरामुरा के चंद्र साधुपारा इलाके में राष्ट्रीय राजमार्ग पर आवागमन बाधित करने का प्रयास किया था।

प्रशासन की अपील के बावजूद नहीं हटे प्रदर्शनकारी

जानकारी के अनुसार, सड़क जाम की सूचना मिलने के बाद प्रशासन और पुलिस के अधिकारी मौके पर पहुंचे। उप जिलाधिकारी सह मजिस्ट्रेट (डीसीएम) ने प्रदर्शनकारियों से बातचीत कर उनसे सड़क खाली करने और आंदोलन समाप्त करने की अपील की। प्रशासन की ओर से घोषणा कर प्रदर्शनकारियों को वहां से हटने के लिए भी कहा गया। हालांकि, पुलिस के मुताबिक प्रदर्शनकारियों ने प्रशासन की अपील नहीं मानी और सड़क से हटने से इनकार कर दिया। इसके बाद यातायात बहाल करने और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस ने कार्रवाई की। इसी दौरान कथित तौर पर झड़प हुई, जिसमें दो कांस्टेबल घायल हो गए। पुलिस ने हिरासत में लिए गए लोगों को अगरतला के एडी नगर स्थित हिरासत केंद्र पहुंचाया। अधिकारियों का कहना है कि दुर्गापूजा के दौरान यात्रियों की सुरक्षा और सामान्य जनजीवन को प्रभावित होने से बचाने के लिए समय रहते हस्तक्षेप करना आवश्यक था।

पुनर्वास संबंधी मांगों को लेकर आंदोलन

त्रिपुरा में पूर्व उग्रवादियों के प्रस्तावित आंदोलन के पीछे पुनर्वास और सरकार से किए गए कथित वादों को पूरा करने की मांग बताई जा रही है। एक अन्य स्थानीय रिपोर्ट के अनुसार, आत्मसमर्पण कर चुके उग्रवादियों के समूह ने सोशल मीडिया पर 17 अक्टूबर से 72 घंटे के सड़क जाम कार्यक्रम की घोषणा की थी। समूह का आरोप था कि राज्य और केंद्र सरकार ने पुनर्वास सहित अन्य मुद्दों पर पहले दिए गए आश्वासनों को पूरा नहीं किया है। हालांकि, सभी मांगों और कथित आश्वासनों का विस्तृत ब्योरा स्वतंत्र रूप से पुष्ट नहीं हो सका है।

दुर्गापूजा के मद्देनजर सुरक्षा बढ़ाई गई

दुर्गापूजा के कारण त्रिपुरा में इन दिनों सड़कों पर यात्रियों और वाहनों की आवाजाही अधिक है। ऐसे में असम-अगरतला राष्ट्रीय राजमार्ग पर लंबा जाम लगने से आम लोगों, आवश्यक वस्तुओं की ढुलाई और आपातकालीन सेवाओं पर असर पड़ने की आशंका थी।पुलिस की कार्रवाई के बाद बरामुरा क्षेत्र में स्थिति नियंत्रण में बताई गई। उपलब्ध रिपोर्टों के अनुसार, राष्ट्रीय राजमार्ग पर वाहनों की आवाजाही सामान्य बनी रही और प्रस्तावित आंदोलन के कारण राज्य में रेल सेवाओं के बाधित होने की सूचना नहीं मिली। प्रशासन ने त्योहार के दौरान शांति, सुरक्षा और यातायात व्यवस्था बनाए रखने के लिए सतर्कता बढ़ा दी है।
सन्मार्ग को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं →
logo
Sanmarg Hindi daily
sanmarg.in