

मेघा, सन्मार्ग संवाददाता
कोलकाता: पश्चिम बंगाल में अनुकंपा के आधार पर सरकारी नौकरी दिलाने के नाम पर कथित रिश्वतखोरी का मामला सामने आया है। एंटी करप्शन ब्रांच (ACB) ने कार्रवाई करते हुए एक बिचौलिए और मास एडुकेशन एक्सटेंसन एंड लाइब्रेरी सर्विसेज डिपार्टमेंट के एक सरकारी कर्मचारी को गिरफ्तार किया है। आरोप है कि शिकायतकर्ता के पिता की मृत्यु के बाद अनुकंपा नियुक्ति की प्रक्रिया आगे बढ़ाने के बदले उससे रुपये की मांग की गई थी। जानकारी के अनुसार, शिकायतकर्ता के पिता की मौत के बाद विभाग में अनुकंपा के आधार पर नौकरी के लिए प्रक्रिया चल रही थी। इसी दौरान कथित तौर पर नौकरी दिलाने के नाम पर शिकायतकर्ता से रिश्वत मांगी गई। मामले की शिकायत एसीबी से किए जाने के बाद एजेंसी ने प्राथमिक जांच शुरू की और रिश्वत की मांग से जुड़े साक्ष्य जुटाए। इसके बाद एसीबी ने योजनाबद्ध तरीके से ट्रैप ऑपरेशन चलाया। कार्रवाई के दौरान एजेंसी ने एक कथित बिचौलिए को उस वक्त गिरफ्तार कर लिया, जब वह शिकायतकर्ता से रिश्वत की रकम स्वीकार कर रहा था। जांच आगे बढ़ने पर मामले में विभाग के एक कर्मचारी की कथित भूमिका भी सामने आई। इसके बाद एडुकेशन एक्सटेंसन एंड लाइब्रेरी सर्विसेज डिपार्टमेंट में अपर डिविजन असिस्टेंट के पद पर कार्यरत सरकारी कर्मचारी को भी गिरफ्तार कर लिया गया।
एसीबी ने दोनों आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। जांच एजेंसी अब यह पता लगाने में जुटी है कि कथित रिश्वतखोरी और अनुकंपा नियुक्ति की प्रक्रिया में हस्तक्षेप के पीछे और कौन-कौन लोग शामिल हैं। अधिकारियों के अनुसार, जांच के आधार पर मामले में आगे और कार्रवाई या गिरफ्तारी की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता।