

मेघा, सन्मार्ग संवाददाता
कोलकाता : महानगर कोलकाता में वायु गुणवत्ता गुरुवार को बेहद चिंताजनक स्तर पर पहुंच गई। केंद्रीय प्रदूषण निगरानी आंकड़ों के अनुसार गुरुवार को शहर का एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) 389 दर्ज किया गया, जो ‘Severe’ (गंभीर) श्रेणी में आता है। ठंड और स्थिर मौसम की वजह से प्रदूषक तत्व वातावरण में फंसे हुए हैं, जिससे आम लोगों के स्वास्थ्य पर सीधा असर पड़ सकता है।
8 जनवरी की स्थिति
AQI : 389 (गंभीर)
PM2.5 : 235 माइक्रोग्राम/घन मीटर
PM10 : 299 माइक्रोग्राम/घन मीटर
ओजोन (O₃) : 6 ppb
नाइट्रोजन डाइऑक्साइड (NO₂) : 11 ppb
तापमान : 18 डिग्री सेल्सियस
विशेषज्ञों के मुताबिक PM2.5 और PM10 का स्तर सामान्य से कई गुना अधिक है, जो सांस, आंखों में जलन, सीने में जकड़न और हृदय व फेफड़ों से जुड़ी बीमारियों का खतरा बढ़ा सकता है। बच्चे, बुजुर्ग और पहले से बीमार लोगों के लिए स्थिति और भी खतरनाक मानी जा रही है।
आज की स्थिति
मौसम में किसी बड़े बदलाव के संकेत फिलहाल नहीं हैं। उत्तर दिशा से ठंडी हवा कमजोर रहने और कोहरे की स्थिति बने रहने से शुक्रवार को भी वायु गुणवत्ता ‘गंभीर’ से ‘बहुत खराब’ श्रेणी में बनी रहने की आशंका जताई जा रही है। सुबह और देर रात प्रदूषण का असर अधिक महसूस हो सकता है।
प्रशासन और डॉक्टरों की सलाह
* अनावश्यक रूप से बाहर निकलने से बचें
* सुबह की सैर और खुले में व्यायाम फिलहाल न करें
* मास्क का उपयोग अनिवार्य रूप से करें
* घर के अंदर खिड़की-दरवाजे बंद रखें, एयर प्यूरीफायर उपयोगी हो सकता है
* सांस लेने में तकलीफ, खांसी या आंखों में जलन बढ़ने पर तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें
लगातार बिगड़ती हवा ने एक बार फिर कोलकाता में प्रदूषण नियंत्रण और यातायात व निर्माण गतिविधियों पर सख्ती की जरूरत को उजागर कर दिया है। यदि मौसम में बदलाव नहीं हुआ, तो आने वाले दिनों में हालात और गंभीर हो सकते हैं।