

मेघा, सन्मार्ग संवाददाता
हावड़ा : लगातार हो रही बारिश के कारण हावड़ा शहर के कई इलाकों में जलजमाव की गंभीर समस्या को देखते हुए राज्य सरकार ने निकासी व्यवस्था को सुदृढ़ बनाने के लिए बड़े पैमाने पर कदम उठाए हैं। हावड़ा नगर निगम और कोलकाता मेट्रोपॉलिटन डेवलपमेंट अथॉरिटी (केएमडीए) के संयुक्त प्रयास से 15 करोड़ रुपये की लागत से विभिन्न क्षेत्रों में ड्रेनेज सुधार कार्य शुरू कर दिया गया है। इसकी जानकारी मंगलवार को शरत सदन में आयोजित संवाददाता सम्मेलन में राज्य के नगर एवं शहरी विकास राज्य मंत्री उमेश राय ने दी। राज्यमंत्री ने बताया कि इस मानसून में हावड़ा के विभिन्न वार्डों में जलजमाव की समस्या गंभीर रूप से सामने आई है। मंगलवार को ही शहरी विकास विभाग के कंट्रोल रूम में हावड़ा से कुल 22 शिकायतें प्राप्त हुईं, जिनमें 16 शिकायतें जलजमाव और निकासी व्यवस्था से संबंधित थीं। उन्होंने कहा कि यह आंकड़ा शहर की सबसे बड़ी नागरिक समस्या को दर्शाता है। उमेश राय ने कहा कि राज्य सरकार केवल अस्थायी समाधान नहीं, बल्कि स्थायी व्यवस्था विकसित करने की दिशा में काम कर रही है। इसके लिए लगभग 4,700 करोड़ रुपये की लागत वाली व्यापक ड्रेनेज परियोजना तैयार की गई है। इस परियोजना की विस्तृत रिपोर्ट मुख्यमंत्री को भेज दी गई है। मंजूरी मिलने के बाद चरणबद्ध तरीके से कार्य शुरू किया जाएगा। उनके अनुसार, परियोजना पूरी होने पर भविष्य में बारिश के दौरान जलजमाव की समस्या में उल्लेखनीय कमी आएगी। उन्होंने बताया कि हावड़ा नगर निगम में तकनीकी कर्मियों की कमी को देखते हुए केएमडीए के 15 अनुभवी इंजीनियरों को इस परियोजना से जोड़ा गया है। ये इंजीनियर शहर की नालियों, पंपिंग स्टेशनों, ड्रेनेज नेटवर्क और जल निकासी प्रणाली का सर्वे कर आवश्यक सुधार योजना तैयार कर रहे हैं।