

मेघा, सन्मार्ग संवाददाता
कोलकाता : पूर्व रेलवे के सियालदह डिविजन ने आगामी गंगासागर मेला के लिए तीर्थयात्रियों के परिवहन को सुगम बनाने के उद्देश्य से रिकॉर्ड संख्या में ट्रेनों की सेवाओं को बढ़ा दिया है। पिछले वर्षों में 72 स्पेशल ट्रेनों के मुकाबले इस बार डिविजन ने 126 स्पेशल ट्रेनें चलाने का निर्णय लिया है, जो सेवा में अभूतपूर्व वृद्धि है। इस विशाल सेवा विस्तार को सफलतापूर्वक संचालित करने के लिए वरिष्ठ डिविजनल ऑपरेशंस मैनेजर पंकज यादव ने कंट्रोलर्स और मुख्य पर्यवेक्षकों के साथ एक रणनीतिक बैठक की। यादव ने कंट्रोल ऑफिस को डिविजन की 'रीढ़ की हड्डी' बताते हुए इस विभाग की भूमिका को खास तौर पर अहम बताया, जो 126 विशेष ट्रेनों के सुचारु और सुरक्षित संचालन के लिए जिम्मेदार है। बैठक में अतिरिक्त ट्रेनों को मौजूदा शेड्यूल में बिना किसी रुकावट के जोड़ने पर विशेष ध्यान दिया गया ताकि लाखों तीर्थयात्रियों की यात्रा आरामदायक और सुरक्षित हो सके। पंकज यादव ने कड़ाई से ऑपरेशनल अनुशासन का निर्देश दिया और स्पष्ट किया कि डिविजन पूरी सतर्कता और जीरो टॉलरेंस नीति के साथ कार्यरत है। डिविजन की प्राथमिकता केवल दक्षता और सुरक्षा ही होगी।
जमीनी स्तर पर निगरानी के लिए जारी निर्देशों में प्रमुख बिंदु निम्न हैं :
सक्रिय फील्ड उपस्थिति : अधिकारियों और पर्यवेक्षकों को महत्वपूर्ण स्थानों पर तैनात किया जाएगा ताकि भीड़ की स्थिति और ट्रेन संचालन निगरानी की जा सके।
अधिकतम क्षमता : 126 ट्रेनों की बढ़ोतरी से स्टेशन पर भीड़ कम होगी और यात्रियों को अधिक बार सेवाएं उपलब्ध होंगी।
सक्रिय निगरानी : कंट्रोलर्स को निरंतर सतर्क रहने का निर्देश दिया गया है ताकि संभावित समस्याओं को उनके उत्पन्न होने से पहले रोका जा सके।
इन व्यापक तैयारियों के साथ सियालदह डिविजन गंगासागर मेला 2026 में भारी भीड़ का सफलतापूर्वक सामना करने के लिए पूरी तरह तैयार है और यह मेला सुरक्षा, गति और सेवा की मिसाल बनेगा।