अमेरिका में 20.5 अरब डॉलर का निवेश करेंगी भारतीय कंपनियां

ये निवेश औषधि, आधुनिक विनिर्माण, ऊर्जा अवसंरचना और उभरती प्रौद्योगिकियों में किए जाएंगे
अमेरिकी डॉलर
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वाशिंगटन : भारतीय कंपनियों ने अमेरिका में प्रौद्योगिकी, विनिर्माण और औषधि जैसे क्षेत्रों में 20.5 अरब अमेरिकी डॉलर से अधिक का निवेश करने की योजना बनाई है। यहां एक व्यापार शिखर सम्मेलन में भारतीय कंपनियों ने 1.1 अरब अमेरिकी डॉलर की परियोजनाओं की घोषणा की।अमेरिका के एक दस्तावेज में कहा गया है कि उद्योग जगत के दिग्गजों ने मेरीलैंड के नेशनल हार्बर में आयोजित सेलेक्टयूएसए इन्वेस्टमेंट समिट में 20.5 अरब डॉलर के भारतीय निवेश का स्वागत किया। ये निवेश औषधि, आधुनिक विनिर्माण, ऊर्जा अवसंरचना और उभरती प्रौद्योगिकियों में किए जाएंगे और इनसे हजारों रोजगार सृजित होने के साथ-साथ आपूर्ति श्रृंखलाओं को मजबूत करने और अमेरिकी उत्पादन क्षमता का विस्तार करने में मदद मिलेगी।

निवेश की स्थिति : भारतीय दवा कंपनियों ने अमेरिका में 19.1 अरब अमेरिकी डॉलर से अधिक के निवेश की योजना की घोषणा की है। इसमें सन फार्मास्युटिकल द्वारा न्यू जर्सी स्थित ऑर्गेनन एंड कंपनी का 11.75 अरब अमेरिकी डॉलर में अधिग्रहण शामिल है।जेएसडब्ल्यू स्टील ने ओहियो और टेक्सास में स्थित अपनी सुविधाओं में 25.5 करोड़ डॉलर की आधुनिकीकरण परियोजनाओं को शुरू करने की योजना की पुष्टि की है। अमेरिका के वाणिज्य उप मंत्री (अंतरराष्ट्रीय व्यापार) विलियम किमिट ने कहा, इस शिखर सम्मेलन में 12 भारतीय कंपनियों ने 11 अरब डॉलर से अधिक के निवेश की घोषणा की है। सेलेक्ट यूएसए में किसी एक प्रतिनिधिमंडल द्वारा की गई यह अब तक की सबसे बड़ी घोषणा है।उन्होंने कहा कि ये निवेश वैमानिकी और रक्षा, ऊर्जा, आधुनिक विनिर्माण और कृत्रिम मेधा जैसे क्षेत्रों में फैले हुए हैं। इन 12 कंपनियों द्वारा किए गए 11 अरब अमेरिकी डॉलर के निवेश से अमेरिका में लगभग 2,500 प्रत्यक्ष रोजगार सृजित होंगे।

विनिर्माण संकुल : अहमदाबाद स्थित अभ्युदय समूह ने अमेरिका के पांच राज्यों में विनिर्माण संकुल स्थापित करने के लिए 90 करोड़ डॉलर के सबसे बड़े निवेश की घोषणा की है।मुंबई की स्टरलाइट टेक्नोलॉजीज लिमिटेड ने अमेरिका में 10 करोड़ डॉलर तक के नए कारखाने में निवेश की घोषणा की।पीआर जिंदल समूह ने टेक्सास और मिसिसिपी में 8.7 करोड़ डॉलर के निवेश की घोषणा की। दिल्ली स्थित जीवो वेलनेस ग्रुप ने अमेरिका में विनिर्माण संयंत्र स्थापित करने के लिए 1.5 करोड़ डॉलर के निवेश की घोषणा की है। इंदौर की प्रौद्योगिकी कंपनी टेकडोम सॉल्यूशंस अगले पांच साल में अमेरिका में 75 लाख अमेरिकी डॉलर तक का निवेश करेगी। इससे रोजगार के 100 अवसरों का सृजन होगा। चेन्नई स्थित अत्री एआई ने अगले 2-3 साल में अमेरिका में अपने इंजीनियरिंग, बिक्री और प्रौद्योगिकी संचालन को मजबूत करने के लिए लगभग 20 लाख डॉलर के निवेश का प्रस्ताव किया है।

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