

पटना : बिहार के उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने शुक्रवार को दावा किया कि बिहार में अब ‘कोई सशस्त्र नक्सली कैडर सक्रिय नहीं’ है। गृह विभाग का प्रभार भी संभाल रहे चौधरी ने वर्ष 2026-27 के लिए विभाग के 20,132 करोड़ रुपये से अधिक के प्रस्तावित बजट पर चर्चा का जवाब देते हुए विधानसभा में यह बात कही।
सदन ने ध्वनिमत से विभाग के बजट को पारित कर दिया, हालांकि विपक्ष के सभी सदस्य सरकार के जवाब से असंतुष्ट होने की बात कहते हुए सदन से बहिर्गमन कर गए।
चौधरी ने कहा, मैं पूरे विश्वास के साथ कह सकता हूं कि बिहार में अब कोई सशस्त्र नक्सली कैडर सक्रिय नहीं है। राज्य पुलिस ने अप्रैल 2025 से 15 फरवरी 2026 तक 130 नक्सलियों को गिरफ्तार किया है। हाल ही में शीर्ष माओवादी गुरिल्ला सुरेश कोड़ा उर्फ मुस्तकीम ने पुलिस के समक्ष आत्मसमर्पण किया है जिस पर तीन लाख रुपये का इनाम घोषित था। राज्य में नक्सली नेटवर्क ध्वस्त कर दिया गया है और पूरा प्रदेश नक्सलमुक्त हो गया है।
उपमुख्यमंत्री ने कहा कि निवेशकों और औद्योगिक इकाइयों को सुरक्षित माहौल प्रदान करने के लिए सरकार ने केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल की तर्ज पर बिहार औद्योगिक सुरक्षा बल (BISF) गठित करने का निर्णय लिया है।
उन्होंने कहा, प्रारंभिक चरण में इसकी दो बटालियन बनाई जाएंगी, जो औद्योगिक प्रतिष्ठानों की सुरक्षा पर केंद्रित विशेष इकाई के रूप में काम करेंगी। इसमें बिहार पुलिस के अनुभवी कर्मियों की तैनाती की जाएगी।
उन्होंने कहा कि सरकार ने अगले वित्त वर्ष में लगभग 60,000 कर्मियों की भर्ती का भी निर्णय लिया है और गृह विभाग रोजगार उपलब्ध कराने के लिए भी प्रतिबद्ध है। चौधरी ने कहा, राज्य में सुशासन और कानून का राज है तथा विपक्ष को सड़कों पर सवाल उठाने के बजाय सदन में मुद्दे रखने चाहिए, जहां सरकार हर प्रश्न का उत्तर देने को तैयार है।
हालिया आपराधिक घटनाओं पर टिप्पणी करते हुए उन्होंने कहा कि जो भी अपराध करेगा, उसे जेल जाना होगा। उन्होंने विपक्ष पर कटाक्ष करते हुए कहा कि अपराधी सरकार से भयभीत हैं और रोजाना राज्य छोड़कर भाग रहे हैं।
उन्होंने कहा कि विद्यालयों और महाविद्यालयों के आसपास छात्रों की सुरक्षा के लिए ‘पुलिस दीदी’ की तैनाती की जाएगी, जिसके लिए 2,500 स्कूटी खरीदी जाएंगी। साथ ही पुलिसकर्मियों के बच्चों की शिक्षा के लिए विद्यालय खोलने की योजना भी है। चर्चा में भाग लेते हुए राष्ट्रीय जनता दल (राजद) विधायक राहुल शर्मा ने कहा कि राज्य में कानून-व्यवस्था पूरी तरह ध्वस्त हो चुकी है और नीतीश कुमार सरकार इस समस्या से आंखें मूंदे हुए है।
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