समस्तीपुर छेड़छाड़ मामला : तेजस्वी ने राज्य सरकार पर साधा निशाना

उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार ऐसे मामलों को 'छिटपुट घटना' बताकर पल्ला झाड़ सकती है
तेजस्वी यादव
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पटना : बिहार के समस्तीपुर जिले में नाबालिग लड़की के साथ कथित अभद्र व्यवहार का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के मुताबिक, सोशल मीडिया निगरानी के दौरान 23 सितंबर की शाम वीडियो सामने आया था। तकनीकी सत्यापन के बाद घटनास्थल की पहचान कर्पूरीग्राम थाना क्षेत्र के ग्राम जगतासिंहपुर स्थित बांध के पास सड़क के रूप में हुई।

पुलिस के अनुसार, वीडियो में तीन-चार लोगों द्वारा एक लड़की के साथ अभद्र व्यवहार किए जाने की बात सामने आई। घटना करीब एक सप्ताह पुरानी बताई जा रही है। वीडियो में दिखाई दे रही पीड़िता प्रथमदृष्टया नाबालिग प्रतीत हो रही है। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए भारतीय न्याय संहिता, पॉक्सो एक्ट और आईटी एक्ट की सुसंगत धाराओं के तहत कर्पूरीग्राम थाना कांड संख्या 117/26, दिनांक 24 सितंबर 2026 दर्ज किया।

पुलिस ने बताया कि मामले में संलिप्त सभी चार आरोपियों की पहचान कर सूचना मिलने के छह घंटे के भीतर उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया। गिरफ्तार आरोपियों में विकास कुमार, राहुल कुमार, रामबाबू सहनी और अवधेश पासवान शामिल हैं। पुलिस के मुताबिक, आरोपियों से पूछताछ की जा रही है और मामले में आगे की विधिसम्मत कार्रवाई जारी है।

इस घटना को लेकर बिहार विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने सोशल मीडिया प्लटेफॉर्म एक्स पर सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने लिखा कि समस्तीपुर में नाबालिग लड़की के साथ युवकों द्वारा कथित छेड़खानी का मामला उनके अनुसार बिहार में कानून-व्यवस्था की स्थिति पर सवाल खड़ा करता है।

उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार ऐसे मामलों को 'छिटपुट घटना' बताकर पल्ला झाड़ सकती है। तेजस्वी यादव ने मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी पर भी गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि जब प्रदेश का मुख्यमंत्री अपराधियों को जाति देखकर सम्मानित करता हो, तो ऐसी स्थिति उत्पन्न होना स्वाभाविक है।

उन्होंने सवाल उठाया कि क्या अपराधियों के खिलाफ कार्रवाई उनकी जाति देखकर की जाएगी या मामले को दबाया जाएगा। उन्होंने केंद्रीय मंत्री जीतनराम मांझी को लेकर भी टिप्पणी की। वहीं, पुलिस ने सोशल मीडिया यूजर्स से अपील की है कि पीड़िता की पहचान उजागर करने वाली किसी भी तस्वीर, वीडियो या पोस्ट को साझा न करें।

पुलिस ने कहा है कि ऐसी सामग्री पीड़िता को मानसिक और सामाजिक नुकसान पहुंचा सकती है और इसे साझा करना कानूनी कार्रवाई का कारण बन सकता है।

तेजस्वी यादव
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