

सांकतोड़िया : ईसीएल सीएमडी सतीश झा ने कंपनी के सभी एरिया के महाप्रबंधकों के साथ एक अहम उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक ईसीएल मुख्यालय में की। सबसे पहले सभी अधिकारियों को नए वर्ष की शुभकामनाएं दी। बैठक का मुख्य फोकस कोयला उत्पादन, उत्पादकता, कार्य निष्पादन और भविष्य की रणनीति पर रहा। चालू वित्तीय वर्ष 2025-26 के बचे हुए महीनों को देखते हुए सीएमडी ने स्पष्ट संदेश दिया कि हर एरिया को निर्धारित लक्ष्यों की पूर्ति के लिए पूरी क्षमता से काम करना होगा। बैठक की अध्यक्षता सीएमडी सतीश झा ने की। सतीश झा ने एरिया-वार उत्पादन आंकड़ों की विस्तार से समीक्षा की और जहां उत्पादन या उत्पादकता अपेक्षा से कम पाई गई, वहां कारणों की पहचान कर तत्काल सुधारात्मक कदम उठाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि मशीनों की उपलब्धता, मैनपावर मैनेजमेंट,ओबी हटाने की गति और लॉजिस्टिक्स पर विशेष ध्यान देना होगा। सीएमडी ने यह भी कहा कि उत्पादकता में वृद्धि ही कंपनी की मजबूती की कुंजी है। इसके लिए आधुनिक खनन तकनीक, बेहतर शिफ्ट प्लानिंग और फील्ड लेवल पर सख्त मॉनिटरिंग जरूरी है। उन्होंने महाप्रबंधकों से आग्रह किया कि वे खुद नियमित रूप से खदानों का दौरा करें और जमीनी स्तर की समस्याओं को तुरंत सुलझाएं। बैठक के दौरान सुरक्षा (सेफ्टी) को भी सर्वोच्च प्राथमिकता बताया गया। वहीं सीएमडी ने आने वाले महीनों में डिस्पैच, लागत नियंत्रण और उत्पादकता सुधार को लेकर स्पष्ट रोडमैप तैयार करने के निर्देश दिए। उन्होंने भरोसा जताया कि सभी एरिया मिलकर काम करेंगे तो ईसीएल न केवल अपने लक्ष्य पूरे करेगा, बल्कि कोल इंडिया में अपनी मजबूत भूमिका भी साबित करेगा। मालूम हो कि ईसीएल का दिसंबर माह तक उत्पादन लक्ष्य 38.75 मिलियन टन था जिसमें से 33.48 मिलियन टन किया गया है। बैठक में निदेशक वित्त मोहम्मद अंजार आलम, तकनीकी निदेशक संचालन नीलाद्री राय, निदेशक मानव संसाधन गुंजन कुमार सिन्हा सहित सभी विभाग के विभागाध्यक्ष उपस्थित थे।