पॉक्सो मामले में दो दोषियों को मिली उम्रकैद की सजा

पॉक्सो मामले में दो दोषियों को मिली उम्रकैद की सजा
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बर्दवान : बर्दवान की पोक्सो अदालत ने शुक्रवार को दो अलग-अलग मामलों में ऐतिहासिक फैसला सुनाते हुए दोषियों को कड़ी सजा दी। अदालत ने स्पष्ट संदेश दिया है कि बच्चों के खिलाफ अपराध करने वालों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा। पोक्सो कोर्ट की न्यायाधीश देवश्री हलदार ने यह फैसले सुनाया। सरकारी वकीलों गौतम मुखोपाध्याय और अजीजुल हक मंडल ने अदालत के इस फैसले का स्वागत करते हुए कहा कि यह सजा केवल दंड नहीं, बल्कि समाज के लिए एक कड़ा संदेश है। ऐसे फैसलों से न केवल अपराधों पर नियंत्रण लगेगा, बल्कि न्याय व्यवस्था के प्रति आम जनता का विश्वास भी बढ़ेगा।

पहला मामला:

9 वर्षीय मासूम के साथ दरिंदगी का है। जानकारी के अनुसार रायना थाना क्षेत्र के इस मामले में, अदालत ने 9 साल की बच्ची के साथ दुष्कर्म के दोषी को 14 साल के सश्रम कारावास की सजा सुनाई है। इसके अलावा दोषी पर 50,000 रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है। जुर्माना न भरने पर 6 महीने की अतिरिक्त जेल भोगनी होगी। साथ ही, पीड़िता को पुनर्वास के लिए 3 लाख रुपये का मुआवजा देने का निर्देश दिया गया है।

क्या है पूरा मामला

यह घटना 26 अक्टूबर 2014 की है। दोषी, जो पीड़िता का पड़ोसी था, बच्ची को बहला-फुसालकर एक खाली घर में ले गया और वहां उससे कुकृत्य किया। शिकायत मिलते ही पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए उसे 29 अक्टूबर 2014 को गिरफ्तार कर लिया था।

दूसरा मामला : 14 वर्षीय किशोरी से दुष्कर्म

रायना थाना के ही एक अन्य मामले में, 14 साल की किशोरी से दुष्कर्म के दोषी को भी अदालत ने 14 साल के सश्रम कारावास की सजा सुनाई है। इस मामले में भी दोषी पर 50,000 रुपये का जुर्माना और पीड़िता को 3 लाख रुपये की क्षतिपूर्ति राशि देने का आदेश दिया गया है। जानकारी के अनुसार 26 जनवरी 2016 को जब किशोरी घर में अकेली थी, तब दोषी ने घर में घुसकर उससे बलात्कार किया। परिजनों के घर लौटने पर इस घटना का खुलासा हुआ था।

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