TMC के पूर्व विधायक के खिलाफ अपनों ने ही खोला मोर्चा

राहत सामग्री 'चोरी' का लगाया ठप्पा
पांडवेश्वर के पूर्व विधायक नरेंद्रनाथ चक्रवर्ती
पांडवेश्वर के पूर्व विधायक नरेंद्रनाथ चक्रवर्ती
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अपनी ही पार्टी के पंचायत सदस्य ने दर्ज कराया FIR

पांडवेश्वर : तृणमूल कांग्रेस के कद्दावर नेता और पूर्व विधायक नरेंद्रनाथ चक्रवर्ती के बंकोला सुभाष कॉलोनी स्थित आवास व कार्यालय परिसर के गोदाम से गरीबों के लिए आवंटित भारी मात्रा में राहत सामग्री बरामद होने का मामला अब पूरी तरह तूल पकड़ चुका है। गोदाम से भारी संख्या में तिरपाल, मच्छरदानी, साड़ियां, बच्चों के कपड़े आदि राहत सामग्री मिलने तथा ECL के रिटायर्ड कर्मचारियों के लिए बने गेस्ट हाउस के एक लग्जरी बेडरूम से कुछ आपत्तिजनक वस्तुएं मिलने के बाद इलाके में भारी तनाव है। इस घटना के बाद जहां एक ओर आम जनता में भारी आक्रोश है, वहीं दूसरी ओर तृणमूल कांग्रेस के भीतर ही बगावत के सुर तेज हो गए हैं।

फरवरी में चोरी हुए थे तिरपाल, टीवी पर गोदाम देख खुला राज

मामले में सबसे बड़ा मोड़ तब आया जब पांडवेश्वर ब्लॉक के छोरा ग्राम पंचायत के सदस्य व TMC नेता शेख जुम्मन ने चौंकाने वाला दावा किया। उन्होंने कहा, "इसी साल फरवरी महीने में छोरा पंचायत से गरीबों के लिए आए सैकड़ों तिरपाल रहस्यमय तरीके से चोरी हो गए थे। लोकसभा चुनाव की व्यस्तता के कारण उस वक्त पुलिस ने मौखिक शिकायत पर ज्यादा गंभीरता नहीं दिखाई, लेकिन जब टीवी चैनलों पर पूर्व विधायक के गोदाम से भारी मात्रा में तिरपाल व राहत सामग्री मिलने की खबर चली, तो हमारा शक यकीन में बदल गया।" शेख जुम्मन ने इस मामले को लेकर अंडाल थाने में एक लिखित शिकायत दर्ज कराई है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। शिकायत में सीधे तौर पर आरोप लगाया गया है कि गरीबों की राहत सामग्री को तस्करी के उद्देश्य से पूर्व विधायक के गोदाम में छिपाकर रखा जा रहा था। इस पूरी साजिश में पूर्व विधायक के अलावा तीन अन्य नेताओं को भी नामजद किया गया है, जिनमें रामचरित्र पासवान (प्रधान, छोरा पंचायत), इंद्रदेव पासवान (TMC नेता) और निताई मंडल (तृणमूल युवा कांग्रेस नेता) शामिल है।

TMC नेता सुजीत मुखर्जी ने कहा- ऐसे दुराचारी को तुरंत पार्टी से बाहर करो

कभी उनके बेहद करीबी माने जाने वाले TMC नेता व जिला परिषद के कर्माध्यक्ष सुजीत मुखर्जी ने सीधे तौर पर पूर्व विधायक के चरित्र पर सवाल उठाए हैं। मुखर्जी ने अपनी ही पार्टी के आलाकमान से बेहद तल्ख लहजे में मांग की है कि ऐसे दुराचारी और भ्रष्ट व्यक्ति को तुरंत दल से निष्कासित किया जाए। हालांकि, चौतरफा घिरे पूर्व विधायक नरेंद्रनाथ चक्रवर्ती खुद को पूरी तरह बेकसूर बता चुके हैं। उनका कहना है कि यह पूरी घटना उनके खिलाफ एक सोची-समझी राजनीतिक साजिश है। विरोधियों द्वारा उनका राजनीतिक चरित्र हनन करने के लिए इस प्रकार के झूठे आरोप मढ़े जा रहे हैं।फिलहाल अंडाल थाने की पुलिस मामले की गहनता से तफ्तीश कर रही है।

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