

बर्दवान : लंबे समय बाद गांव लौटते ही तृणमूल कांग्रेस नेता विनय मंडल का घर घेरकर ग्रामीणों ने जमकर विरोध-प्रदर्शन किया। प्रधानमंत्री आवास योजना में घर दिलाने के नाम पर कटमनी लेने और 100 दिनों के काम का पैसा हड़पने समेत भ्रष्टाचार के कई आरोपों को लेकर गुरुवार रात पूर्व बर्दवान के कटवा 1 ब्लॉक की श्रीखंड ग्राम पंचायत का बाननागरा गांव सुलग उठा। स्थिति को नियंत्रित करने में पुलिस को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ा। स्थानीय सूत्रों के अनुसार, चुनाव नतीजे आने के बाद से ही टीएमसी नेता विनय मंडल इलाके में नजर नहीं आ रहा था। लंबे समय बाद गुरुवार रात जैसे ही वह घर लौटा, आक्रोशित ग्रामीणों ने उसके घर के सामने इकट्ठा होकर विरोध शुरू कर दिया। उस समय घर के नीचे स्थित दुकान में विनय मंडल और उसकी पत्नी, पूर्व टीएमसी पंचायत सदस्य काकली मंडल मौजूद थीं। आरोप है कि प्रदर्शन के दौरान उन्हें निशाना बनाकर अंडे फेंके गए। इस घटना से देर रात तक इलाके में तनाव बना रहा। ग्रामीणों का आरोप है कि प्रधानमंत्री आवास योजना में घर दिलाने का झांसा देकर कई लाभार्थियों से कटमनी वसूली गई है। इसके साथ ही डरा-धमकाकर पैसे वसूलने, 100 दिनों के काम के पैसों में हेराफेरी कर हड़पने और पंचायत चुनाव के दौरान बाहरी लोगों को लाकर ग्रामीणों को डराने-धमकाने के आरोप भी विनय मंडल और काकली मंडल पर लगाए गए हैं। प्रदर्शनकारियों की मांग है कि जिन लोगों से कटमनी ली गई है, उनके पैसे तुरंत लौटाए जाएं। साथ ही उन्होंने आरोपियों के खिलाफ प्रशासन से सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की है। जानकारी मिली है कि ग्रामीण टीएमसी नेता विनय मंडल और उनकी पत्नी काकली मंडल के खिलाफ थाने में लिखित शिकायत दर्ज कराने की तैयारी कर रहे हैं। हालांकि, विनय मंडल और काकली मंडल ने सभी आरोपों को खारिज कर दिया है। उनका दावा है कि राजनीतिक दुर्भावना के तहत उनके खिलाफ निराधार आरोप लगाकर दुष्प्रचार किया जा रहा है।