

दुर्गापुर : दुर्गापुर में प्रत्येक वर्ष की तरह इस बार भी उद्यमियों की समस्याओं के समाधान एवं उन तक सरकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाने हेतु सिनर्जी कॉन्क्लेव का आयोजन किया गया। चार जिलों में छोटे-मध्यम उद्योगों को बढ़ावा देने के लिए सृजनी प्रेक्षागृह में सिनर्जी कॉनक्लेव आयोजित हुआ। बांकुड़ा, पुरुलिया, पूर्व एवं पश्चिम बर्दवान में बड़े निवेश की घोषणा हुई है। पूर्व बर्दवान, पश्चिम बर्दवान, बांकुड़ा और पुरुलिया जिले के सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्योगपतियों की समस्याओं को समझने, उनका समाधान करने और नए उद्योग स्थापित करने के उद्देश्य से सिनर्जी सम्मेलन का आयोजन किया गया। इस सम्मेलन में कुटीर एवं सूक्ष्म - मध्यम उद्योगमंत्री चंद्रनाथ सिन्हा, पंचायती राज, ग्रामीण विकास और सहकारिता मंत्री प्रदीप मजूमदार, पश्चिमांचल विकास परिषद की मंत्री संध्या रानी टुडू, एडिशनल चीफ सेक्रेटरी एमएसएमईटी डिपार्टमेंट के राजेश पांडे, चारों जिलों के जिलाधिकारी, जिला परिषद के सभाधिपति, विधायक नरेंद्रनाथ चक्रवर्ती, विधायक हरेराम सिंह तथा वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी समेत मुख्य अतिथि उपस्थित रहे। इस दौरान पश्चिम बर्दवान के आसनसोल - दुर्गापुर औद्योगिक क्षेत्र में नए उद्योगों और औद्योगिक पार्कों के विकास को लेकर महत्वपूर्ण घोषणाएं हुईं, जिनमें पानागढ़, अंडाल और आसनसोल में 350 करोड़ रुपये का निवेश शामिल है। इसी प्रकार पूर्व बर्दवान में 590 करोड़ रुपये, बांकुड़ा में 4590 करोड़ रुपये और पुरुलिया में 90 करोड़ रुपये के औद्योगिक निवेश की घोषणा की गई। इन क्षेत्रों में शाल उद्योग क्लस्टर, हस्तशिल्प आधारित इकाइयां और छोटे-मध्यम कारखानों की स्थापना से बड़े पैमाने पर रोजगार सृजन होगा। सम्मेलन में कई उद्यमियों को ऋण स्वीकृति पत्र भी प्रदान किए गए। मंत्री चंद्रनाथ सिन्हा ने कहा कि हर जिले में छोटे और मध्यम उद्योगों की प्रगति सुनिश्चित करने के लिए ‘सिनर्जी सम्मेलन’ आयोजित किया जा रहा है। नए उद्यमी आगे आ रहे हैं और उन्हें ऋण दिए जा रहे हैं, जो इस बात का स्पष्ट प्रमाण है, कि बंगाल तेजी से आगे बढ़ रहा है। यहां के लोग आत्मनिर्भरता की दिशा में मजबूत कदम बढ़ा रहे हैं। पश्चिम बंगाल में उद्योग लगाने के अपार संभावनाएं देखी जा रही है। उद्योग जगत के लोगों की समस्याओं का समाधान तेजी से हो रहा है। उन्होंने कहा कि उद्योग को बढ़ावा देने हेतु सरकार निरंतर प्रयासरत है। सिनर्जी कॉन्क्लेव के माध्यम से उद्यमियों को हरसंभव बढ़ावा दिया जा रहा है।