ईसीएल के नोटिस के विरोध में लोगों का फूटा गुस्सा

कुनुस्तोड़िया में महाप्रबंधक कार्यालय का किया गया घेराव
प्रदर्शन करतीं महिलाएं
प्रदर्शन करतीं महिलाएं
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जामुड़िया : ईस्टर्न कोलफील्ड्स लिमिटेड (ईसीएल) के कुनुस्तोड़िया क्षेत्र अंतर्गत विभिन्न आवासीय इलाकों में बिजली-पानी की आपूर्ति बंद करने तथा क्वार्टर खाली कराने संबंधी नोटिस जारी किए जाने के विरोध में शुक्रवार को हजारों लोगों का गुस्सा फूट पड़ा। बड़ी संख्या में महिला-पुरुष एवं श्रमिक परिवारों ने कुनुस्तोड़िया क्षेत्रीय महाप्रबंधक कार्यालय पहुंचकर जोरदार प्रदर्शन किया और कार्यालय का घेराव किया। लोगों का कहना था कि बिना किसी पूर्व सूचना, विचार-विमर्श और वैकल्पिक पुनर्वास व्यवस्था के क्वार्टर खाली करने तथा बिजली-पानी जैसी मूलभूत सुविधाएं बंद करने का निर्णय अन्यायपूर्ण है। सुबह से ही विभिन्न कॉलोनियों और बस्तियों से लोग जुलूस निकालकर महाप्रबंधक कार्यालय पहुंचे और ईसीएल प्रबंधन के खिलाफ नारेबाजी की। आंदोलन में महिलाओं की भागीदारी विशेष रूप से देखने को मिली। बड़ी संख्या में महिलाओं ने कार्यालय के मुख्य द्वार के सामने धरना देकर नोटिस वापस लेने की मांग की। स्थानीय निवासी सुनीता देवी ने कहा कि उनके परिवार के सदस्य वर्षों तक ईसीएल में कार्यरत रहे हैं, लेकिन अब अचानक घर खाली करने का नोटिस दिया जा रहा है जबकि उनके पास रहने के लिए कोई दूसरा स्थान नहीं है। वहीं रमेश पासवान ने आरोप लगाया कि बिजली और पानी बंद करने की चेतावनी देकर लोगों को मानसिक रूप से प्रताड़ित किया जा रहा है। प्रदर्शनकारियों ने प्रबंधन को ज्ञापन सौंपकर नोटिस तत्काल वापस लेने, बिजली-पानी की आपूर्ति जारी रखने तथा पुनर्वास संबंधी स्पष्ट नीति घोषित करने की मांग की। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि जल्द सकारात्मक पहल नहीं की गई तो और बड़ा आंदोलन शुरू किया जाएगा।

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