

हल्दिया : पूर्व मिदनापुर जिले के हल्दिया में एक फिशिंग कैट को देखकर लोग दहशत में आ गए। बुधवार दोपहर हल्दिया सिटी सेंटर के पास गोकुल खाद्य तेल कारखाने की दीवार पर लगे लोहे के तार में एक फिशिंग कैट फंस गई। उसे देखकर और उसकी आवाज सुनकर कारखाने के कर्मचारी और राहगीर डर गए। इलाके में पल भर में दहशत फैल गई। साथ ही साथ इलाके में तेंदुआ आने की अफवाह भी फैल गई। हालांकि बाद में, स्थानीय लोगों ने उस फिशिंग कैट को पकड़ कर हल्दिया वन विभाग को सौंप दिया।
सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार बुधवार की दोपहर हल्दिया सिटी सेंटर के समीप दीवार पर एक तेंदुए सा जानवर देखा गया। जो दीवार पर तार में फंसा हुआ था। जिसके बारे में सूचना मिलने पर सुताहाटा हल्दिया विज्ञान केंद्र के कर्मचारी मौके पर पहुंचे और वन विभाग के अधिकारियों को सूचना दी। बाद में, वन विभाग के कर्मचारियों ने मौके पर जाकर जानवर को बचाया। पता चला कि वह फिशिंग कैट है जो लोहे के तार के जाल में फंसने के कारण गंभीर रूप से घायल हो गई थी। हल्दिया वन विभाग के अधिकारी अतुलप्रसाद दे ने कहा, खबर मिलते ही वन विभाग के लोग वहां पहुंच गए और फिशिंग कैट को उद्वार किया गया। स्थानीय लोग उसे बाघ समझकर डर गए थे। उन्होने बताया कि फिशिंग कैट ज़्यादातर आर्द्रभूमि में देखे जाते हैं। वे भोजन की तलाश में बाहर आते हैं और राज्य में फिशिंग कैट की सबसे ज़्यादा संख्या पूर्व मिदनापुर ज़िले में है। हल्दिया वन विभाग के अधिकारी फिशिंग कैट घायल हो गई है इसलिए उसका इलाज किया जाएगा और फिर उसे जंगल में छोड़ने की व्यवस्था की जाएगी।