

अभय, सन्मार्ग संवाददाता
आसनसोल : हरियाणा के सोनीपत इलाके के निवासी देवेंद्र सिंह को उनके रिटायरमेंट बेनिफिट का लालच देकर उनसे 17 लाख 5 हजार 500 रुपये की ठगी करने के मामले में हरियाणा के सोनीपत साइबर क्राइम थाना पुलिस ने जामताड़ा में छापेमारी अभियान चलाकर एक अभियुक्त को गिरफ्तार किया। गिरफ्तार होने वाले अभियुक्त का नाम मंजूर आलम बताया गया है। उसे शनिवार को आसनसोल जिला अदालत के सीजेएम कोर्ट में पेश किया गया। मामले के जांच अधिकारी ने उक्त ठगी किये गए पैसों की बरामदगी सहित अपनी विशेष छानबीन करने का हवाला देते हुए उसे ट्रांजिट रिमांड पर लेने की अपील अदालत से की। अदालत ने अभियुक्त को 3 दिनों की ट्रांजिट रिमांड पर सोनीपत शहर के साइबर क्राइम थाना पुलिस के हवाले कर दिया। जल्द ही उसे सोनीपत के स्थानीय कोर्ट में पेश कर पुलिस अपनी जांच की गति आगे बढ़ाएगी।
आखिर क्या है पूरा मामला ?
बताया जाता है कि शिकायतकर्ता देवेंद्र सिंह की ओर से दर्ज प्राथमिकी में कहा गया है कि बीते 22 अगस्त को उन्हें एक कॉल आया जिसमें कॉल करने वाले ने उनसे पूछा कि क्या वह पंजाब नेशनल बैंक के रिटायर्ड कर्मचारी हैं? हालांकि शिकायतकर्ता ने उस व्यक्ति से कहा कि हां वह पिछले साल ही जून के महीने में रिटायर हुए हैं। इसके साथ ही कॉल करने वाले ने शिकायतकर्ता से कहा कि वह पंजाब नेशनल बैंक के प्रधान कार्यालय (द्वारका दिल्ली) एचआरडी विभाग से बोल रहा है। वहीं शिकायतकर्ता को कहा कि रिटायर्ड कर्मचारियों के लिए पीएनबी रिटायरमेंट बेनिफिट योजना शुरू की गई है, जिसके तहत उन्हें काफी सारे बेनिफिट मिलेंगे। इसके बाद उसने पंजाब नेशनल बैंक का लोगो लगा हुआ एक व्हाट्सएप नंबर से उन्हें जोड़ दिया। वहीं कुछ लंबी बातचीत चलने के बाद शिकायतकर्ता को कुछ डेटा भरने के लिए भी कहा गया, जो कि शिकायतकर्ता ने उनके कहने के मुताबिक कर दिया। इसके बाद शिकायतकर्ता को उनका एक बढ़िया फोटो भी अपलोड करने के लिए बोला गया, जो कि शिकायतकर्ता नहीं कर पाए। वहीं उन्होंने पासवर्ड रिसेट करने की भी बात कही तथा शिकायतकर्ता को इंतजार करने के लिए बोला। हालांकि बीच-बीच में शिकायतकर्ता को बोला गया कि क्या उन्हें कोई मेसेज आया है क्या तो शिकायतकर्ता ने उसे कहा कि उन्हें किसी तरह का कोई भी मैसेज नहीं आया है। उसके बाद उसने बोला कि शिकायतकर्ता का पासवर्ड प्रोसेस में है, उसमें थोड़ा टाइम लग रहा है। वहीं उसने शिकायतकर्ता से कहा कि मैं थोड़ी देर बाद कॉल करता हूं। वहीं जैसे ही उसका कॉल कट हुआ, वैसे ही शिकायतकर्ता के पास लगातार कई सारे मेसेज आए जिसमें उन्होंने देखा कि उनके अकाउंट से दो बार में कुल 17 लाख 5 हजार 500 रूपये डेबिट कर लिए गए हैं। इसके बाद शिकायतकर्ता को एहसास हुआ कि उनके साथ साइबर धोखाधड़ी हुई है। वहीं पुलिसिया जांच के दौरान इस अभियुक्त की संलिप्तता सामने आने के बाद से ही पुलिस इसके पीछे लग गई थी। हालांकि हरियाणा के सोनीपत साइबर क्राइम थाना की पुलिस ने इस अभियुक्त के खिलाफ मजबूत साक्ष्य इकट्ठा कर अपना जाल बिछाते हुए इसे गिरफ्तार कर लिया।