

बांकुड़ा : बांकुड़ा जिले में राजनीतिक हत्याकांड का दर्द झेल रहे दो परिवारों की आंखें वर्षों बाद भी इंसाफ की राह देख रही हैं। एक मामला 2010 में लेफ्ट शासन (LF) के दौरान TMC समर्थक की बर्बर हत्या का है, तो दूसरा 2011 में सत्ता बदलते ही 2012 में CPM कार्यकर्ता की हत्या से जुड़ा है। डेढ़ दशक से अधिक समय बीत जाने के भी दोनों वारदातों के अभियुक्तों को सजा न मिलने की टीस झेल रहे इन दोनों परिवारों के दरवाजे पर अब भारतीय जनता पार्टी पहुंची है।