प्रसेनजीत, सन्मार्ग संवाददाता
कोलकाता : मुर्शिदाबाद जिले के रघुनाथगंज में रामनवमी की झांकियों के दौरान हिंसा और पलट-हिंसा की घटनाओं के बाद माहौल तनावपूर्ण हो गया। मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने इसके लिए रानीगंज की जनसभा में सीधे भाजपा को जिम्मेदार ठहराया।
उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र और चुनाव आयोग ने राज्य में सत्ता और प्रशासनिक नियंत्रण अपने हाथ में ले लिया है। इस मामले में मुख्यमंत्री ने बेहला में दुकानों के टूटने की घटना पर भी गहरी नाराजगी जताई और प्रभावितों से क्षमा याचना की। उन्होंने कहा, “मैं लोकतांत्रिक उपाय से चुनी हुई मुख्यमंत्री हूं, लेकिन मेरे सभी अधिकार छीन लिये गये हैं। आयोग ने अपनी मर्जी से अधिकारी नियुक्त किए। बेहला में दुकानों को बुलडोजर से तोड़ा गया, इसके लिए मैं क्षमा प्रार्थी हूं। मैं यह सुनिश्चित करूंगी कि दुकानों को पुनर्निर्मित किया जाएगा। यह हमारे निर्देश से नहीं हुआ। ये लोग अपनी मर्जी से बुलडोजर चला रहे हैं। भले ही बॉबी (फिरहाद हकीम) कोलकाता की मेयर हों, लेकिन आयोग ने सभी नियुक्तियां कर दी हैं। शुक्रवार को बेहला में कई दुकानों को तोड़ दिया गया।”
ममता बनर्जी ने स्पष्ट किया कि केंद्र सरकार और आयोग ने राज्य की लोकतांत्रिक व्यवस्था और प्रशासनिक शक्तियों का उल्लंघन किया है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि किसी ने राज्य में अव्यवस्था फैलाने की कोशिश की, तो राज्य की जनता इसे बर्दाश्त नहीं करेगी।