रांची : झारखंड की राजधानी रांची की एक महिला को एक निजी प्लेसमेंट एजेंसी द्वारा कथित तौर पर नर्सिंग की नौकरी देने का झांसा देकर मई में दुबई बुलाकर बंधक बना लिया गया, जहां उससे जबरन घरेलू काम कराया जा रहा है तथा उसका उत्पीड़न किया जा रहा है। पुलिस ने शुक्रवार को यह जानकारी दी।
पुलिस के अनुसार, पीड़िता के पिता की ओर से मंगलवार को दर्ज कराई गई शिकायत के आधार पर हवाई अड्डा थाने में निजी कंपनी ‘एएमडी ट्रेंड सॉल्यूशंस’ की एजेंट प्रियंका, उसके पति रितेश और मोहम्मद मिराज अंसारी के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है। पीड़िता के पिता का दावा है कि उनकी बेटी परिवार को बताए बिना दुबई चली गई थी।
शिकायत के मुताबिक, रांची के छोटा घाघरा निवासी मोनिका कच्छप नर्सिंग की नौकरी मिलने का आश्वासन मिलने के बाद पांच मई को दुबई गई थी। उसने सोशल मीडिया पर एक विज्ञापन देखने के बाद नौकरी के लिए आवेदन किया था।
पिता का आरोप है कि उनकी बड़ी बेटी मोनिका ने नर्स की नौकरी दिलाने का भरोसा दिए जाने पर 22 अप्रैल को प्रियंका को ऑनलाइन माध्यम से 15,000 रुपये भेजे थे। बाद में प्रियंका ने हवाई टिकट के लिए भी रुपये मांगे, जिसका भुगतान भी कर दिया गया।
पुलिस के अधिकारी ने शिकायत के हवाले से बताया कि मोनिका पांच मई को दिल्ली से शारजाह पहुंची, जहां हवाई अड्डे पर कंपनी के चालक ने उसे अपनी गाड़ी में बैठाया। आरोप है कि चालक ने हवाई अड्डे से निकलते ही मोनिका का पासपोर्ट जब्त कर लिया।
हवाई अड्डा थाना प्रभारी पंकज शर्मा ने बताया, अगले दिन उसे अजमान स्थित एक इमारत की 24वीं मंजिल पर बने कार्यालय ले जाया गया, जहां रितेश और मिराज अंसारी ने उस पर अरबी भाषा में लिखे कुछ दस्तावेज पर हस्ताक्षर करने का दबाव बनाया।
थाना प्रभारी ने बताया, बाद में उसे बताया गया कि उसके द्वारा हस्ताक्षर किए गए दस्तावेज के अनुसार उस पर 12,600 दिरहाम का कर्ज बकाया है और यह रकम चुकाने के बाद ही उसे भारत लौटने दिया जाएगा।
पीड़िता के पिता ने कहा, मोनिका रांची के एक निजी अस्पताल में नर्स के रूप में काम कर रही थी। इसी दौरान वह सोशल मीडिया के जरिए प्रियंका के संपर्क में आई और उसने दुबई जाने का फैसला किया। वह हमें बिना बताए चली गई थी। उसके पास बीएससी नर्सिंग की डिग्री है।
पीड़िता की मां ने बताया, वह नर्सिंग की नौकरी पाने के लिए दुबई गई थी। फिलहाल वह दुबई के अबू बकर अल सिद्दीक मेट्रो स्टेशन के पास रह रही है। उसका वीजा समाप्त हो चुका है और नौकरी, भोजन तथा आवास का वादा करने वाली कंपनी के एजेंट ने उसका पासपोर्ट जब्त कर रखा है। उन्होंने अधिकारियों से अपनी बेटी को भारत वापस लाने की गुहार लगाई है।