भदोही में कांस्टेबल से 65 लाख की ठगी : सर्राफा कारोबारी पर FIR दर्ज

समझौते के बाद भी न जेवर लौटे, न 20 लाख की रकम वापस
सांकेतिक तस्वीर
सांकेतिक तस्वीर
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भदोही : भदोही जिले में एक कांस्टेबल के 45 लाख रुपये से अधिक के जेवरात और 20 लाख रुपये हड़पने के आरोप में एक सर्राफा कारोबारी के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है।

कांस्टेबल विनय तिवारी की शिकायत पर औराई थाना क्षेत्र के घोसिया स्थित विशाल ज्वेलर्स के मालिक किशन सेठ के खिलाफ विश्वासघात, आपराधिक धमकी और शांति भंग करने के इरादे से अपमान करने के आरोपों में मुकदमा दर्ज किया गया। उसने बताया कि आरोपी की तलाश की जा रही है।

औराई थाना प्रभारी अश्विनी कुमार त्रिपाठी ने बताया कि 2019 से 2020 के बीच गोपीगंज थाने में तैनाती के दौरान कांस्टेबल विनय तिवारी जिस मकान में किराए पर रहते थे उसी मकान में किशन सेठ भी रहता था, ऐसे में दोनों के बीच जान-पहचान हो गई।

तिवारी ने 2019 से 2023 के बीच अपने तथा कुछ रिश्तेदारों के लगभग 700 ग्राम सोने-चांदी के जेवर ठीक कराने और नए डिजाइन में तैयार कराने के लिए किशन सेठ को दिए थे। उस समय इन जेवरों की कीमत करीब 45 लाख रुपये बताई गई थी।

इसी दौरान किशन सेठ ने कारोबार बढ़ाने के लिए विनय तिवारी से 20 लाख रुपये यह कहकर लिए कि वह यह रकम एक वर्ष में लौटा देगा। त्रिपाठी के अनुसार, 2023 में कांस्टेबल विनय तिवारी का तबादला दूसरे जिले में हो गया, जिसके बाद किशन सेठ की नीयत बदल गई।

थाना प्रभारी ने बताया कि 2024 में दोनों पक्षों के बीच हुए समझौते के तहत किशन सेठ को ढाई वर्ष में हर महीने 3.333 ग्राम जेवर लौटाने थे। 20 लाख रुपये चेक के माध्यम से वापस करने थे।

तिवारी का आरोप है कि समझौते के बावजूद किशन सेठ ने न तो जेवर लौटाए और न ही 20 लाख रुपये वापस किए।

पुलिस ने तिवारी की तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर आरोपी की तलाश शुरू कर दी है।हालांकि, त्रिपाठी ने यह नहीं बताया कि कांस्टेबल ने किन रिश्तेदारों के जेवर आरोपी को दिए थे और उसके पास 20 लाख रुपये कहां से आए।

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