

वाशिंगटन : अमेरिका के सिएटल में दिवाली समारोह के दौरान कुछ रूढ़िवादी कार्यकर्ताओं ने हंगामा किया और भारतीयों को देश से निकालने की मांग वाले नस्लवादी नारे लिखी तख्तियां लहराईं। घटना की अमेरिकी सांसदों और सामुदायिक संगठनों ने कड़ी निंदा की है। जेक लैंग और थॉमस एलन नामक कार्यकर्ताओं ने समारोह के दौरान अमेरिकी झंडा लहराते हुए तिलक-बिंदी लगाने वालों को देश से निकालने की मांग की। बाद में उन्हें कार्यक्रम स्थल से बाहर कर दिया गया। घटना के वीडियो सोशल मीडिया पर प्रसारित हुए। अमेरिकी सांसद प्रमिला जयपाल ने इसे घृणित और नस्लवादी प्रदर्शन बताते हुए कहा कि भारतीय समुदाय को सुरक्षित माहौल में दिवाली मनाने का अधिकार है। पूर्व व्हाइट हाउस सलाहकार अजय जैन भूटोरिया ने भी इसकी निंदा की। हिंदू और मानवाधिकार संगठनों ने समुदाय से सतर्क रहने की अपील की। लैंग छह जनवरी 2021 को अमेरिकी संसद भवन पर हुए हमले में शामिल था। उसे 2025 में राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने क्षमादान दिया था। घटना के बाद वाशिंगटन के गवर्नर बॉब फर्ग्यूसन ने भारतीय-अमेरिकी समुदाय के योगदान की सराहना की।