सिलीगुड़ी : उत्तर बंगाल मेडिकल कॉलेज अस्पताल के ब्लड सेंटर में खून की भारी किल्लत के बीच खून की अवैध बिक्री का गंभीर आरोप सामने आया है। आरोप है कि यहां एक यूनिट खून के 2500 रुपये और दो यूनिट लेने पर 500 रुपये की छूट के साथ 4500 रुपये में खून बेचा जा रहा है। ब्लड सेंटर से खाली हाथ लौट रहे मरीजों के परिजनों को बाहर खड़े दलाल निशाना बना रहे हैं। हैरानी की बात यह है कि इस पूरे मामले में ब्लड सेंटर के एक सुरक्षा कर्मी की मिलीभगत का भी आरोप लगाया गया है।
यह शिकायत उत्तर दिनाजपुर जिले के निवासी कुतुबुद्दीन अहमद ने बीते शनिवार को लिखित रूप में दर्ज कराई। उन्होंने अपना परिचय कोलकाता के लालबाजार में तैनात असिस्टेंट सब-इंस्पेक्टर के रूप में दिया है। कुतुबुद्दीन अहमद ने अस्पताल के असिस्टेंट सुपर के कार्यालय में जाकर ब्लड सेंटर के बाहर सक्रिय दलालों और उनसे कथित तौर पर जुड़े सुरक्षा कर्मी के खिलाफ लिखित शिकायत सौंपी और संबंधित सुरक्षा कर्मी की पहचान भी कराई।
कुतुबुद्दीन अहमद की रिश्तेदार जहानारा खातून को 18 दिसंबर को उत्तर बंगाल मेडिकल कॉलेज अस्पताल के फीमेल मेडिसिन-1 वार्ड में भर्ती कराया गया था। वह एनीमिया से पीड़ित हैं। भर्ती के अगले ही दिन डॉक्टरों ने खून चढ़ाने के लिए ब्लड की रीक्विजिशन दी। इसके बाद से परिजन ब्लड सेंटर के चक्कर लगा रहे थे। कुतुबुद्दीन अहमद के अनुसार, ब्लड सेंटर के बाहर खड़े कुछ लोगों ने उन्हें पैसों के बदले खून उपलब्ध कराने का प्रस्ताव दिया। आरोप है कि पहले सुरक्षा कर्मी ने कहा कि ब्लड सेंटर में खून उपलब्ध नहीं है, फिर बाहर खड़े कुछ लोगों की ओर इशारा कर उनसे बात करने को कहा।
दलालों ने एक यूनिट खून के लिए 2500 रुपये और दो यूनिट लेने पर 500 रुपये कम करने की बात कही। उन्होंने बताया कि जब उन्होंने सोचने की बात कही, तो कथित तौर पर सुरक्षा कर्मी ने रीक्विजिशन स्लिप पर पेन से काटते हुए कहा कि अब ब्लड सेंटर से खून नहीं मिलेगा और उन्हीं लोगों से खून लेना होगा। इससे संदेह होने पर उन्होंने तुरंत अस्पताल के असिस्टेंट सुपर के कार्यालय में जाकर लिखित शिकायत दर्ज कराई।
अस्पताल के असिस्टेंट सुपर अभिषेक घोष ने शिकायत मिलने की पुष्टि की है। उन्होंने हस्तक्षेप कर अस्पताल के ब्लड सेंटर से निःशुल्क खून की व्यवस्था कराई। अभिषेक घोष ने बताया कि कुतुबुद्दीन अहमद नामक व्यक्ति ने ब्लड सेंटर के बाहर दलालों की गतिविधियों और एक सुरक्षा कर्मी द्वारा दबाव बनाए जाने को लेकर लिखित शिकायत दी है। उन्होंने कहा कि शिकायत मिलने के बाद संबंधित सुरक्षा एजेंसी के मालिक को उक्त सुरक्षा कर्मी के खिलाफ उचित कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही ब्लड सेंटर के बाहर दलालों की गतिविधियों पर रोक लगाने के लिए स्थायी कदम उठाने के संबंध में मामले को उच्च अधिकारियों तक भेजा गया है।