कानपुर : कानपुर के बिधनू थाना क्षेत्र के देहली उजागर गांव में भूमि विवाद को लेकर बुधवार को दो गुटों के बीच हुई झड़प के दौरान गोलीबारी में चार लोग घायल हो गए। पुलिस ने इस मामले में पिता-पुत्र को गिरफ्तार किया है और वारदात में इस्तेमाल की गई लाइसेंसी बंदूक भी जब्त कर ली है।
अपर पुलिस आयुक्त (कानून-व्यवस्था) विपिन टाडा ने बृहस्पतिवार को बताया कि गिरफ्तार आरोपियों की पहचान अजय पाल सिंह उर्फ मुन्ना (60) और उनके बेटे शशिकांत उर्फ गोपू (36) के रूप में हुई है। आरोप है कि गोलीबारी अजय पाल सिंह की लाइसेंसी 12 बोर बंदूक से की गई थी।
उन्होंने बताया कि प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि एक पक्ष ने करीब 15 दिन पहले गांव में एक बाग खरीदा था। विवाद उस समय शुरू हुआ, जब नए मालिक के परिवार के सदस्य जमीन पर पहुंचे और खेती शुरू करने के लिए उसके चारों ओर बाड़ लगाने लगे। दूसरे पक्ष ने इसका विरोध किया, जिसके बाद दोनों गुटों के बीच कहासुनी शुरू हो गई।
टाडा के मुताबिक, एक पक्ष की ओर से कथित तौर पर गोली चला दी गई। गोली के छर्रे लगने से चार लोग घायल हो गए। घायलों की पहचान महेश राजपूत, अखिलेश और शिवा के रूप में हुई है। चौथे घायल की पहचान अभी नहीं हो सकी है। अधिकारी ने बताया कि तीन लोगों के पैरों में छर्रे लगे हैं, जबकि चौथे व्यक्ति को किस तरह की चोट आई है, इसकी जांच की जा रही है। चारों घायलों की हालत स्थिर है और वे खतरे से बाहर हैं।
घटना का एक वीडियो भी सामने आया है, जिसमें कथित गोलीबारी की वारदात दिखाई दे रही है। घटनास्थल का दौरा करने वाले टाडा ने बताया कि वह पुलिस उपायुक्त (दक्षिण) दीपेंद्र नाथ चौधरी के साथ मौके पर पहुंचे थे। उन्होंने कहा कि दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है।
पुलिस मामले की विस्तृत जांच के लिए दोनों पक्षों के लोगों से पूछताछ कर रही है। इस बीच, बिठूर से भाजपा विधायक अभिजीत सिंह सांगा ने लाला लाजपत राय (एलएलआर) अस्पताल पहुंचकर घायलों और उनके परिजनों से मुलाकात की। उन्होंने दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई का आश्वासन दिया।
पुलिस अधिकारी ने बताया कि दोनों पक्षों से मिली शिकायतों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।