ईरान और अमेरिका-इजराइल के बीच हुआ सीजफायर 12 घंटे भी नहीं टिक पाया। मात्र 12 घंटे बाद ही इजराइल की ओर से ईरान की बड़ी तेल रिफाइनरी पर हमला कर दिया। बताया जाता है कि इस हमले में अमेरिका भी शामिल है। इसके जवाब में ईरान ने भी तुरंत ही पड़ोसी खाड़ी देशों पर मिसाइलें दागना शुरू कर दिया, जो अमेरिका को अपनी जमीन पर सैन्य शिविर बनाने दे रहे हैं और उन्हीं बेस से ईरान पर हमले भी करने दे रहे हैं।
मध्य एशिया में सवा महीने से चल रहे युद्ध के बीच शांति की उम्मीद जगी थी। बुधवार सुबह अमेरिका और ईरान दोनों ने घोषणा की थी कि 14 दिन यानी 2 हफ्ते तक दोनों तरफ से हमले रोक दिए जाएंगे। इसके लिए ईरान ने 10 शर्तों वाला एक करार सौंपा है, जिस पर अमेरिका बात करने को तैयार हो गया है। साथ ही, इजराइल ने भी इसे मानने की बात कही थी। लेकिन शाम होने से पहले ही इजराइल-अमेरिका की ओर से ईरान पर जिस तरह तेल रिफाइनरी पर हमले किए गए और उसके बाद ईरान ने पलटवार किया, उससे स्पष्ट है कि यह सीजफायर 14 दिन तो क्या, 12 घंटे भी नहीं टिक पाया।
सीजफायर 11 घंटे बाद ही बुधवार शाम पहले ईरान के रिफाइनरी पर अमेरिका और इजराइल ने हमला किया। इसके जवाब में ईरान ने भी हमले शुरू कर दिए हैं। ईरान ने UAE और कुवैत पर मिसाइल और ड्रोन हमले किए हैं।