विश्व ब्राह्मण कल्याण परिषद के राष्ट्रीय अध्यक्ष और भाजपा के कद्दावर नेता राजस्थान के पूर्व गवर्नर कलराज मिश्र  
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BJP के कलराज मिश्रा ने किया UGC गाइडलाइन्स का विरोध

गोण्डा से विधायक प्रतीक भूषण ने किया विरोध

नोएडा : विश्व ब्राह्मण कल्याण परिषद के राष्ट्रीय अध्यक्ष और भाजपा के कद्दावर नेता राजस्थान के पूर्व गवर्नर कलराज मिश्र अब UGC की गाइडलाइन्स के विरोध में उतर आए हैं। बुधवार को नोएडा पहुंचे मिश्र ने इन गाइडलाइन्स को पूरी तरह से असंवैधानिक बताते हुए कहा कि इसे वापस लिया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि पहले यह SC-ST के लिए था अब इसमें OBC को भी जोड़ा गया है लेकिन इसमें जाति के आधार पर करना ठीक नहीं है बल्कि इसमें सभी जाति के लोगों को मौका देना चाहिए ताकि जिनके साथ भी भेदभाव हो रहा है वह शिकायत कर सके। उन्होंने कहा कि झूठी शिकायतों को लेकर भी इसमें प्रावधान करना चाहिए। जो लोग झूठी शिकायत करते हैं उनके खिलाफ दंड का प्रावधान होना चाहिए, साथ ही शिकायत निवारण समिति में भी समय सीमा को निर्धारित करना चाहिए और उनके अधिकार क्या हैं यह भी निर्धारित करना चाहिए।

प्रतीक भूषण ने किया विरोध

इसके पहले बीजेपी के मशहूर नेता बृजभूषण शरण सिंह के बेटे और गोण्डा से विधायक प्रतीक भूषण ने भी इसका विरोध किया था। उन्होंने कहा था, ‘इतिहास के दोहरे मापदंडों पर अब गहन विवेचना होनी चाहिए। जहां बाहरी आक्रांताओं और उपनिवेशी ताकतों के भीषण अत्याचारों को ‘अतीत की बात’ कहकर भुला दिया जाता है जबकि भारतीय समाज के एक वर्ग को निरंतर ‘ऐतिहासिक अपराधी’ के रूप में चिह्नित कर वर्तमान में प्रतिशोध का निशाना बनाया जा रहा है।

’क्या है मामला : दरअसल, UGC गाइडलाइन्स के तहत प्रावधान किया गया है कि अगर SC-ST या OBC वर्ग का कोई भी छात्र किसी सामान्य वर्ग के छात्र के खिलाफ जातिगत भेदभाव की शिकायत करता है तो उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी, लेकिन सामान्य वर्ग के छात्रों की चिंता यह है कि उनके खिलाफ झूठी शिकायतें करके भी उन्हें टारगेट किया जा सकता है। क्योंकि, इसमें झूठी शिकायत करने वालों के खिलाफ किसी भी तरह की सजा का प्रावधान नहीं किया गया है। साथ ही यह भी कहा जा रहा है कि यह संविधान के समानता के अनुच्छेद उल्लंघन है क्योंकि सामान्य और अन्य वर्ग के छात्रों के खिलाफ इसमें एक जैसा व्यवहार नहीं किया जा रहा है। हालांकि, अब यह मामला राजनीतिक रंग ले चुका है और सरकार ने अभी तक इस पर लगभग चुप्पी साध रखी है।

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