हावड़ा के उदयनारायणपुर में बाढ़ की है यह स्थिति  
टॉप न्यूज़

हावड़ा : उदयनारायणपुर में बाढ़ के बीच प्रशासन ने संभाली कमान

राहत-बचाव कार्य पर प्रशासन की विशेष नजर,डीएम दीपापप्रिया पी ने प्रभावित इलाकों का किया दौरा, फसल नुकसान का आकलन शुरू

निधि, सन्मार्ग संवाददाता

हावड़ा : डीवीसी से छोड़े गए पानी के कारण उदयनारायणपुर के कई इलाकों में बाढ़ की स्थिति बनने के बाद शनिवार को प्रशासन ने राहत और निगरानी की गतिविधियां तेज कर दी हैं। शुक्रवार को प्रभावित क्षेत्रों का दौरा कर स्थिति का जायजा लेने पहुंचीं हावड़ा की जिलाधिकारी दीपापप्रिया पी ने कहा कि बाढ़ से खेती को हुए नुकसान का आकलन किया जा रहा है। प्रशासन की ओर से प्रभावित लोगों तक आवश्यक सहायता पहुंचाने के लिए हरसंभव कदम उठाए जा रहे हैं। हालांकि राहत की बात यह है कि नदियों का जलस्तर धीरे-धीरे घटने लगा है, लेकिन अब भी पानी खतरनाक स्तर (EDL) से करीब 100 मिलीमीटर (लगभग 4 इंच) ऊपर बह रहा है। वर्तमान में क्षेत्र से लगभग 1.2 लाख क्यूसेक पानी गुजर रहा है, जिसमें बैराज के निचले अनियंत्रित हिस्से का पानी भी शामिल है। मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी के निर्देशों के अनुसार सिंचाई विभाग और प्रशासनिक अधिकारी बाढ़ की स्थिति पर लगातार निगरानी बनाए हुए हैं। स्थिति की समीक्षा करने के लिए हावड़ा की जिलाधिकारी दीपापप्रिया पी ने वरिष्ठ पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों के साथ प्रभावित क्षेत्रों का दौरा भी किया है। कुचिशीपुर को छोड़कर ज्यादातर इलाकों में तटबंध सुरक्षित हैं। जिन जगहों पर ओवरफ्लो हुआ है, वहां मजदामोड़ के रास्ते जल निकासी का काम युद्ध स्तर पर जारी है।

राहत शिविरों में लोगों के साथ मवेशियों के लिए भी व्यवस्था

प्रशासन की ओर से उदयनारायणपुर में छह राहत शिविर बनाए गए हैं। डीएम के अनुसार, शिविरों में पर्याप्त भोजन और अन्य जरूरी सामान उपलब्ध रखे गये हैं। बाढ़ के कारण घर छोड़कर शिविरों में पहुंचे लोगों के साथ उनके मवेशियों के लिए भी भोजन की व्यवस्था की गई है। इससे उन परिवारों को राहत मिली है, जिनके लिए पशुधन आजीविका का अहम हिस्सा है।

खेती के नुकसान का होगा आकलन

लगातार जलभराव से धान और सब्जियों की फसल प्रभावित होने की स्थिति को देखते हुए प्रशासन अब कृषि क्षेत्र में हुए नुकसान का जायजा ले रहा है। डीएम दीपापप्रिया पी ने कहा कि बाढ़ से हुए कृषि नुकसान की विस्तृत जानकारी जुटाई जा रही है। साथ ही प्रशासन की ओर से स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है और जरूरत के अनुसार आगे भी कदम उठाए जाएंगे।

SCROLL FOR NEXT