निधि, सन्मार्ग संवाददाता
खड़दह: बैरकपुर कमिश्नरेट के खड़दह इलाके में सोमवार को एक दुखद और चिंताजनक घटना सामने आई, जहाँ मतदाता सूची पुनरीक्षण (SIR) प्रक्रिया से जुड़े एक बूथ लेवल अधिकारी (BLO) को एक घर के अंदर एक वृद्ध व्यक्ति का शव मिला। यह घटना क्षेत्र में हड़कंप मचाने के साथ ही, सीमावर्ती क्षेत्रों में SIR प्रक्रिया को लेकर व्याप्त डर और चिंता को भी रेखांकित करती है।
जानकारी के अनुसार, खड़दह के आगरपाड़ा नॉर्थ रोड इलाके में, BLO बुद्ध चक्रवर्ती मतदाता सूची संशोधन के लिए वितरित किए गए फॉर्मों को इकट्ठा करने गए थे। कुछ दिनों पहले BLOs ने घर-घर जाकर ये SIR फॉर्म दिए थे, और अब वे उन्हें वापस लेने की प्रक्रिया में थे। इसी क्रम में, BLO चक्रवर्ती एक फ्लैट में अकेले रह रहे प्रशांत दत्ता (64) के घर पहुँचे। उन्होंने प्रशांत को कई बार आवाज़ लगाई, लेकिन अंदर से कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली। बार-बार प्रयास के बाद भी कोई जवाब न मिलने पर BLO को संदेह हुआ और उन्होंने तुरंत स्थानीय निवासियों को इस बारे में सूचित किया।
स्थानीय लोगों ने फिर घटना की सूचना पुलिस को दी, जिसके बाद बैरकपुर कमिश्नरेट के वरिष्ठ अधिकारी, डीसी सेंट्रल इंद्रबदन झा, एसीपी मोहम्मद बदरुजम्मां और खड़दह थाना प्रभारी सहित एक टीम मौके पर पहुँची। पुलिस ने पाया कि घर का दरवाज़ा हल्का खुला हुआ था। जैसे ही पुलिस ने अंदर प्रवेश किया, उन्होंने प्रशांत दत्ता को पलंग के नीचे मृत अवस्था में पाया। यह देखकर स्थानीय लोग और पुलिसकर्मी सभी स्तब्ध रह गए।
अस्वाभाविक मौत का मामला दर्ज कर पुलिस ने शुरू की छानबीन
स्थानीय निवासियों ने पुलिस को बताया कि प्रशांत दत्ता लगभग सात साल पहले स्क्रैप का काम करते थे और वे यहाँ पिछले कई वर्षों से अकेले रह रहे थे, जिससे उनकी भेद्यता बढ़ गई थी। स्थानीय लोगों ने पुलिस के सामने आशंका व्यक्त की कि संभवतः SIR प्रक्रिया को लेकर फैले डर के कारण वृद्ध व्यक्ति की तबीयत बिगड़ गई होगी, जिसके परिणामस्वरूप उनकी मौत हो गई। क्षेत्र में घुसपैठियों के पलायन और नागरिकों में दस्तावेज़ों को लेकर चिंता के माहौल को देखते हुए, यह आशंका स्थानीय लोगों में गहरा गई है।
फिलहाल, पुलिस ने किसी भी तरह की साज़िश या फाउल प्ले की संभावना से इनकार नहीं किया है और अस्वाभाविक मौत का मामला दर्ज कर लिया है। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है, ताकि मौत के वास्तविक और चिकित्सा कारणों का पता चल सके। पुलिस प्रशांत के पड़ोसियों और पुराने जान-पहचान वालों से विस्तृत पूछताछ कर रही है कि क्या वह हाल ही में किसी मानसिक तनाव या गंभीर बीमारी से गुज़र रहे थे। यह घटना इस बात की गंभीरता को दर्शाती है कि SIR को लेकर फैले डर का असर आम लोगों के जीवन पर किस हद तक पड़ रहा है, और पुलिस अब सभी संभावित पहलुओं की जाँच कर रही है।