गुवाहाटी : असम के सिलचर नगर निगम के पहले चुनाव में शनिवार को मतदाताओं में खासा उत्साह देखने को मिला। करीब 2.70 लाख मतदाताओं में अनुमानित 63.43 प्रतिशत ने अपने मताधिकार का इस्तेमाल किया। मतदान शाम 4.30 बजे समाप्त हुआ, हालांकि सभी वार्डों का अंतिम मतदान प्रतिशत तैयार नहीं किया जा सका था। अधिकारियों के अनुसार, वार्ड नंबर एक में सबसे अधिक 78 प्रतिशत मतदान दर्ज किया गया, जबकि वार्ड नंबर 22 में सबसे कम 50 प्रतिशत मतदान हुआ। सुबह बारिश के कारण कई इलाकों में मतदान की रफ्तार धीमी रही, लेकिन मौसम में सुधार के बाद मतदान केंद्रों पर लोगों की संख्या बढ़ी और मतदान ने गति पकड़ी।
निर्विरोध निर्वाचित हुए 2 उम्मीदवार
सिलचर नगर निगम में कुल 42 वार्ड हैं, लेकिन शनिवार को 40 वार्डों में ही मतदान कराया गया। वार्ड नंबर 9 से भाजपा उम्मीदवार बिजेंद्र प्रसाद सिंह और वार्ड नंबर 20 से भाजपा उम्मीदवार भक्ति सेन तालुकदार निर्विरोध निर्वाचित हो चुके हैं। इसलिए इन दोनों वार्डों में मतदान की आवश्यकता नहीं पड़ी। पहले नगर निगम चुनाव के लिए अंतिम सूची में कुल 133 उम्मीदवार मैदान में थे। इनमें भाजपा ने 38 और उसकी सहयोगी असम गण परिषद (अगप) ने चार वार्डों में उम्मीदवार उतारे। कांग्रेस 38 वार्डों में चुनाव लड़ रही है। इसके अलावा 52 निर्दलीय और एक माकपा उम्मीदवार भी मैदान में थे।
2.70 लाख से अधिक मतदाता
नगर निगम क्षेत्र में कुल 2,70,772 मतदाता पंजीकृत थे। इनमें 1,29,877 पुरुष, 1,40,884 महिलाएं और 11 थर्ड जेंडर मतदाता शामिल हैं। चुनाव के लिए 316 मतदान केंद्र निर्धारित किए गए थे। यह चुनाव सिलचर के लिए इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि नगर बोर्ड को वर्ष 2022 में 42 वार्ड वाले नगर निगम में अपग्रेड किया गया था और जून 2025 में नया नगर निगम अस्तित्व में आया। बराक घाटी के प्रमुख शहर सिलचर में करीब छह वर्षों तक निर्वाचित निकाय नहीं था। अब इस चुनाव के जरिए नगर निगम को पहली बार निर्वाचित प्रतिनिधि मिलने जा रहे हैं।
स्थानीय समस्याएं चुनाव का प्रमुख मुद्दा
चुनाव प्रचार के दौरान स्थानीय नागरिक समस्याएं प्रमुख मुद्दों में रहीं। खराब सड़कों, जल निकासी की समस्या, जलभराव, बिजली की अनियमित आपूर्ति और पेयजल की समस्या को लेकर उम्मीदवारों ने मतदाताओं के बीच मुद्दे उठाए। नगर निगम के गठन के बाद नागरिकों की अपेक्षा है कि नई निर्वाचित व्यवस्था इन बुनियादी समस्याओं के समाधान पर प्राथमिकता से काम करे। मतदान के दौरान नगर निगम के सभी 42 वार्डों में किसी अप्रिय घटना की सूचना नहीं मिली। चुनाव प्रशासन और सुरक्षा बलों की व्यवस्था के बीच मतदान शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ। अब सभी की नजरें 6 अक्टूबर को होने वाली मतगणना पर हैं।