कैंपस की सफाई और खतरनाक जगहों की होगी निगरानी
मुनमुन, सन्मार्ग संवाददाता
कोलकाता : हाल ही में कोलकाता के एक निजी और एक सरकारी सहायता प्राप्त स्कूल में सांप काटने की घटनाओं के मद्देनजर राज्य के स्कूल शिक्षा विभाग ने सभी स्कूलों में छात्रों की सुरक्षा और संरक्षा सुनिश्चित करने के लिए 14 सूत्री गाइडलाइंस जारी की है। 24 सितंबर को जारी इन निर्देशों के तहत सरकारी, सरकारी सहायता प्राप्त और प्राइवेट सभी स्कूलों के पूरे परिसर की सुरक्षा व्यवस्था की तुरंत समीक्षा करने के लिए जिला निरीक्षकों को कहा गया है। इसके तहत क्लासरूम, टॉयलेट, सीढ़ियों, खेल के मैदानों, बगीचों, नालियों, स्टोररूम और कंस्ट्रक्शन साइट जैसी खतरनाक जगहों का बारीकी से निरीक्षण करने का आदेश दिया गया है।
स्कूलों में इमरजेंसी रिस्पॉन्स प्रोटोकॉल अनिवार्य
गाइडलाइंस के अनुसार हर स्कूल में एक लिखित 'इमरजेंसी रिस्पॉन्स प्रोटोकॉल' होना अनिवार्य किया गया है, जिसमें सांप काटने, आग लगने या अन्य आपात स्थितियों में प्राथमिक उपचार, डॉक्टर की सलाह और अस्पताल पहुंचाने की प्रक्रिया स्पष्ट होनी चाहिए। यदि कोई स्टूडेंट सांप काटने या चोट की शिकायत करता है, तो बिना गार्जियन के आने का इंतजार किए तुरंत उसे चिकित्सीय सहायता और अस्पताल भेजना सुनिश्चित करने को कहा गया है। इसके अलावा, स्कूलों में सही स्थानों पर सीसीटीवी कैमरे चालू हालत में रखने के निर्देश दिए गए हैं।
स्कूल स्टाफ को मिलेगी फर्स्ट एड ट्रेनिंग
बच्चों की सुरक्षा को पुख्ता करने के लिए शिक्षकों, सिक्योरिटी गार्डों, क्लीनर और अन्य स्टाफ को फर्स्ट एड, आपातकालीन प्रतिक्रिया और सुरक्षा के तौर-तरीकों की ट्रेनिंग दी जाएगी। स्कूलों में घटनाओं और शिकायतों को दर्ज करने के लिए एक विशेष रजिस्टर रखा जाएगा, जिसकी नियमित समीक्षा प्रिंसिपल द्वारा की जाएगी। किसी भी गंभीर घटना की रिपोर्ट तुरंत जिला स्कूल इंस्पेक्टर को देनी होगी। साथ ही, स्कूलों में पेरेंट्स और स्टूडेंट्स के लिए पूरी गोपनीयता के साथ शिकायत दर्ज करने की एक विशेष व्यवस्था बनाने को भी कहा गया है।