चुनाव आयोग पर फिर बरसे राहुल Salman Ali
टॉप न्यूज़

‘वोट चोरों' की रक्षा कर रहे सीईसी : राहुल

राहुल चुनाव आयोग पर फिर बरसे, ‘हाइड्रोजन बम’ के लिए अभी करना पड़ेगा इंतजार

नयी दिल्ली : लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष एवं कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने ‘वोट चोरी’ के खिलाफ अपनी मुहिम को जारी रखते हुए गुरुवार को मतदाता सूचियों से ‘कांग्रेस समर्थक मतदाताओं’ के नाम हटाये जाने का मुद्दा उठाया और आरोप लगाया कि मुख्य निर्वाचन आयुक्त (सीईसी) ज्ञानेश कुमार ‘लोकतंत्र की हत्या करने वालों’ तथा ‘वोट चोरों’ की रक्षा कर रहे हैं। उन्होंने दावा किया कि उनके पास पुख्ता सुबूत हैं और इस मामले में आने वाले दिनों में और भी बड़े खुलासे करेंगे। उन्होंने अपने पूर्व घोषित ‘हाइड्रोजन बम’ धमाके पर कहा कि अभी काम चल रहा है और जल्द यह धमाका होगा।

सीईसी को चेतावनी!

कर्नाटक सीआईडी को सुबूत सौंपे सीईसी

राहुल गांधी ने यहां पार्टी मुख्यालय ‘इंदिरा भवन’ में प्रेस कांफ्रेंस में कर्नाटक के कलबुर्गी जिले के आलंद विधानसभा क्षेत्र के आंकड़ों का हवाला देते हुए दावा किया कि कांग्रेस के मतदाताओं के नाम हटाने का प्रयास सुनियोजित तरीके से किया गया तथा इसमें सॉफ्टवेयर का इस्तेमाल हुआ। उन्होंने यह भी कहा कि ज्ञानेश कुमार को ‘वोट चोरों’ को संरक्षण देना बंद करना चाहिए और एक सप्ताह में निर्वाचन आयोग को कर्नाटक के सीआईडी के साथ पूरी जानकारी साझा करनी चाहिए। अगर सीईसी ने ऐसा नहीं किया तो पूरा हिंदुस्तान मान लेगा कि वे संविधान की हत्या में शामिल हैं और वोट चोरों की रक्षा कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि आलंद विधानसभा क्षेत्र में 6018 मतदाताओं के नाम हटाने के लिए आवेदन दिये गये। उन्होंने कहा कि ऐसा कांग्रेस के मतदाताओं को निशाना बनाकर किया गया तथा दलित, अनुसूचित जनजाति और अल्पसंख्यक मतदाताओं को विशेष रूप से निशाना बनाया गया।

इनके नाम का इस्तेमाल करके मतदाता सूची से नाम हटाने के आवेदन किये गये

मंच पर पेश किये ‘सुबूत’

उन्होंने मंच पर कुछ ऐसे लोगों को पेश किया, जिनके नाम का इस्तेमाल करके मतदाता सूची से नाम हटाने के आवेदन किये गये। ऐसी एक महिला नाम गोदाबाई है, जिनका वीडियो राहुल गांधी ने जारी किया। उनका दावा है कि उनके नाम पर 12 लोगों के नाम मतदाता सूची से हटाये गये। राहुल गांधी ने सवाल किया कि जिन नंबर से 12 लोगों के नाम हटाये गये गये, वे किनके नंबर हैं क्योंकि जब इन नंबरों पर फोन किया जाता है, तो कोई जवाब नहीं आता। राहुल गांधी ने कहा कि इस मामले में कर्नाटक सीआईडी ने 18 पत्र भेजकर कुछ जानकारियां मांगी लेकिन यह जानकारी नहीं दी गयी। उन्होंने कहा कि महाराष्ट्र के चंद्रपुर जिले के राजौरा विधानसभा क्षेत्र में इसी तरीके का इस्तेमाल करके 6850 नाम जोड़े गये।

‘हाइड्रोजन बम आगे आने वाला है’

उन्होंने कहा कि यह ‘हाइड्रोजन बम’ नहीं है। वह आगे आने वाला है। राहुल गांधी ने गत एक सितंबर को पटना में ‘वोटर अधिकार यात्रा’ के समापन के मौके पर ‘वोट चोरी’ से जुड़े अपने पहले के खुलासे का हवाला देते हुए दावा किया था कि ‘एटम बम’ के बाद अब ‘हाइड्रोजन बम’ आने वाला है, जिसके बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी लोगों को अपना ‘मुंह नहीं दिखा पायेंगे’। उन्होंने बेंगलुरू के महादेवपुरा विधानसभा क्षेत्र में कथित वोट चोरी का मुद्दा गत सात अगस्त को प्रेस कांफ्रेंस के जरिये उठाया था। इस खुलासे को उन्होंने ‘एटम बम’ कहा था।

आरोप निराधार और गलत : सीईसी

इस बीच निर्वाचन आयोग ने राहुल गांधी के आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि उनके द्वारा लगाये गये आरोप गलत और निराधार हैं। किसी भी वोट को ऑनलाइन किसी भी व्यक्ति द्वारा हटाया नहीं जा सकता, जैसा कि गांधी ने गलत धारणा बनायी है। आयोग ने यह भी कहा कि 2023 में आलंद विधानसभा क्षेत्र में मतदाताओं के नाम हटाने के ‘कुछ असफल प्रयास’ किये गये थे और मामले की जांच के लिए आयोग के अधिकारियों ने खुद एक प्राथमिकी दर्ज करायी थी।

‘निर्वाचन आयोग के अंदर से मदद मिल रही ’

आयोग के खंडन के बाद राहुल गांधी ने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट के माध्यम से सीईसी पर फिर पलटवार करते हुए कहा कि हमारे आलंद उम्मीदवार द्वारा धोखाधड़ी का पर्दाफाश करने के बाद स्थानीय निर्वाचन अधिकारी ने एक प्राथमिकी दर्ज की लेकिन सीआईडी जांच को सीईसी द्वारा रोक दिया गया है। राहुल ने यह दावा भी किया कि ‘वोट चोरी’ के मुद्दे पर अब उन्हें निर्वाचन आयोग के अंदर से मदद मिल रही हैं और सूचनाएं उन तक पहुंच रही हैं। उन्होंने कहा कि लोकतांत्रिक व्यवस्था की रक्षा करने का काम उनका नहीं बल्कि संस्थाओं का है लेकिन संस्थाओं के अपना काम नहीं करने के कारण वे बतौर नेता प्रतिपक्ष यह जिम्मेदारी निभा रहे हैं।

धमाका करने आये थे, ड्रामा करके चले गये : भाजपा

दूसरी ओर भाजपा ने दावा किया कि राहुल द्वारा सांविधानिक संस्थाओं के खिलाफ बार-बार लगाये गये आरोप भारतीय लोकतंत्र में उनके और कांग्रेस के अविश्वास को दर्शाते हैं तथा वह घुसपैठिए को बचाने की राजनीति करते हैं। भाजपा के नेता अनुराग ठाकुर ने कहा कि कांग्रेस की हताशा बढ़ती जा रही है। राहुल गांधी अपने आरोपों पर शपथपत्र क्यों नहीं देते। वे धमाका करने आये थे, ड्रामा करके चले गये।

SCROLL FOR NEXT