निधि, सन्मार्ग संवाददाता
बारासात : पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के लिए भाजपा की दूसरी सूची जारी होते ही बारासात निर्वाचन क्षेत्र में पार्टी की आंतरिक कलह खुलकर सामने आ गई है। जैसे ही भाजपा ने शंकर चटर्जी को फिर से अपना उम्मीदवार घोषित किया, वैसे ही जिला मुख्यालय के बाहर उनके खिलाफ विरोध प्रदर्शन और विवादित पोस्टर देखे गए।
गुरुवार को सूची जारी होने के कुछ ही देर बाद हरितला मोड़ स्थित भाजपा जिला कार्यालय के बाहर दीवारों पर कई पोस्टर चिपकाए गए। इन पोस्टरों में गंभीर आरोप लगाते हुए दावा किया गया है कि:
2021 के चुनाव में शंकर चटर्जी ने तृणमूल कांग्रेस (TMC) से पैसे लेकर बारासात सीट को 'बेच' दिया था।
एक अन्य पोस्टर में सवाल उठाया गया कि शंकर चटर्जी ने कितने लाख रुपये के बदले भाजपा की जिला कमेटी का सौदा टीएमसी के साथ किया, इसकी जांच होनी चाहिए।
इस घटना के बाद राजनीतिक गलियारों में चर्चाएं तेज हो गई हैं। तृणमूल कांग्रेस ने इसे भाजपा की पुरानी 'गुटबाजी' और कार्यकर्ताओं का नेतृत्व पर अविश्वास करार दिया है। हालांकि, भाजपा प्रत्याशी शंकर चटर्जी ने इन आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया। उनका कहना है, "भाजपा के बढ़ते प्रभाव से टीएमसी घबरा गई है। हार के डर से टीएमसी के लोग ही मेरे खिलाफ इस तरह के झूठे पोस्टर लगा रहे हैं।" फिलहाल, इन पोस्टरों ने बारासात की चुनावी माहौल में चर्चाओं को बाजार गर्म कर दिया है।