कोलकाता: महालया के बाद शुरू हुआ दशहरे का उत्सव जैसे-जैसे आगे बढ़ा, शहर के प्रत्येक पंडाल में लोगों की भारी भीड़ उमड़ी। दक्षिण का सुरुचि संघ हो या चेतला अग्रणी, उत्तर का काशी बोस लेन हो या टाला प्रत्यय, हर तरफ कतारों में लोगों की भीड़ नजर आयी परन्तु इस उल्लास के बीच, शहर की सड़कों पर बाइक चालकों द्वारा ट्रैफिक नियमों की धज्जियाँ उड़ती रहीं। इस बार भी बाइक चालकों ने नियमों को नजरअंदाज कर दोगुनी सवारी की जगह तीन से चार सवारियां बाइक पर लाद लीं। साथ ही, दशहरे के उल्लास में बड़े हिस्से ने हेलमेट पहनना तो छोड़ ही दिया। खासकर रात के समय बाईपास से लेकर बीटी रोड तक बाइक चालकों का शोर-शराबा जारी रहा, जिससे सड़क पर अव्यवस्था का माहौल बन गया। पुलिस ने कई जगह कार्रवाई कर चालकों को चेतावनी दी और जुर्माना भी लगाया।
पुलिस का आंकड़ा क्या कहता है?
पुलिस के अनुसार, चतुर्थी से अष्टमी तक कुल 6,284 लोगों पर ट्रैफिक नियमों के उल्लंघन के कारण जुर्माना लगाया गया। इनमें से अकेले ट्रिपल राइडिंग के लिए 1,240 केस दर्ज हुए। वहीं, हेलमेट नहीं पहनने के कारण 3,231 लोगों को पुलिस ने सख्त चेतावनी देते हुए जुर्माना लगाया। इसके अलावा, शहर में नशे की हालत में बाइक चलाने और खतरनाक तरीके से बाइक चलाने के मामलों में भी पुलिस ने कड़ी कार्रवाई की। रैश ड्राइविंग के आरोप में 568 लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया गया, जबकि नशे में बाइक चलाने के आरोप में 504 लोगों के खिलाफ कार्रवाई हुई। इसके अतिरिक्त, अन्य कई कारणों से 741 मामले दर्ज किए गए हैं। उग्र व्यवहार के आरोप में 348 लोगों को गिरफ्तार किया गया है। वहीं सिर्फ नवमी की रात कोलकाता पुलिस ने 1993 वाहनों पर ट्रैफिक नियमों का उल्लंघन करने के लिए कार्रवाई की। इनमें हेलमेट नहीं पहनने के कारण 1089, ट्रिपल राइडिंग के लिए 353, रैश ड्राइविंग के लिए 177 और नशे में वाहन चलाने के लिए 167 वाहनों पर कार्रवाई की गयी। इस दौरान पुलिस ने उग्र व्यवहार के लिए 127 लोगों पर कार्रवाई की।