कोलकाता: राज्य सरकार ने लंबे समय से लंबित पदोन्नति संबंधी अड़चनें दूर करने के लिए बड़ा कदम उठाया है। मंगलवार को राज्य मंत्रिमंडल की बैठक में नौ ‘स्टेट कॉन्स्टिट्यूटेड सर्विसेज’ में विभिन्न वेतन स्तरों पर 20 प्रतिशत अतिरिक्त पद सृजित करने के फैसले को गुरुवार को वित्त विभाग ने अधिसूचना जारी कर लागू कर दिया।
नवान्न सूत्रों के अनुसार, राज्य सरकार के 46 विभागों से विस्तृत चर्चा के बाद यह निर्णय लिया गया। उद्देश्य प्रशासन के उच्च स्तर पर अनुभवी अधिकारियों की त्वरित तैनाती सुनिश्चित करना और विभिन्न सेवाओं के बीच असमानता कम करना है। लंबे समय से अधिकारियों में पदोन्नति में देरी को लेकर असंतोष था। वित्त विभाग के आदेश के मुताबिक, रोपा 2019 के वेतन स्तर 21 में 20 प्रतिशत अतिरिक्त पद बनाए गए हैं।
इससे पश्चिम बंगाल राजस्व सेवा के तहत वाणिज्यिक कर, उत्पाद शुल्क, स्टाम्प एवं पंजीकरण और कृषि आयकर शाखाओं में पद बढ़े हैं। ऑडिट एवं लेखा सेवा, सहकारिता, श्रम, खाद्य एवं आपूर्ति, विधि तथा रोजगार सेवाओं में भी अतिरिक्त पद सृजित हुए हैं। वेतन स्तर 24 में भी इसी अनुपात में पद वृद्धि की गई है।
सूचना एवं संस्कृति विभाग के अधीन सेवा में वेतन स्तर 19 पर 30 प्रतिशत अतिरिक्त पद बनाए गए हैं। साथ ही, पश्चिम बंगाल सचिवालय सेवा में संयुक्त सचिव के छह नए पद सृजित किए गए हैं। हालांकि सरकार ने स्पष्ट किया है कि कुल कैडर शक्ति में कोई बदलाव नहीं होगा।
संबंधित प्राधिकरण 15 दिनों के भीतर अंतिम दिशा-निर्देश जारी करेंगे। आगामी विधानसभा चुनाव से पहले इस कदम को प्रशासनिक ढांचे को मजबूत करने की दिशा में अहम माना जा रहा है।