वॉशिंगटन: ईरान के साथ जारी युद्ध में अमेरिका को बड़ा झटका लगा है। अमेरिकी रक्षा विभाग (पेंटागन) ने सोमवार को दो और सैनिकों की मौत की पुष्टि करते हुए उनकी पहचान सार्वजनिक की। इसके साथ ही इस संघर्ष में मारे गए अमेरिकी सैनिकों की कुल संख्या 17 हो गई है।
पेंटागन के अनुसार, 25 वर्षीय फर्स्ट लेफ्टिनेंट टायलर जेम्स फीहान (हवाई) और 19 वर्षीय प्राइवेट इसाबेला गोंजालेस (टेक्सास) की जॉर्डन में मौत हुई। दोनों सैनिक इस्लामिक स्टेट (ISIS) के खिलाफ अमेरिकी मिशन का हिस्सा थे। अमेरिकी सेना ने अभी तक उनकी मौत की सटीक परिस्थितियों का खुलासा नहीं किया है।
अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) ने बताया कि दोनों सैनिक ईरान की ओर से किए गए बैलिस्टिक मिसाइल और ड्रोन हमलों के दौरान मारे गए।
युद्ध शुरू होने के बाद से अमेरिका को कई मोर्चों पर नुकसान उठाना पड़ा है। फरवरी के अंत में कुवैत के एक बंदरगाह पर ईरानी ड्रोन हमले में छह अमेरिकी सैनिकों की मौत हुई थी। इसके बाद सऊदी अरब के प्रिंस सुल्तान एयरबेस पर हमले में एक अन्य सैनिक ने दम तोड़ दिया।
मार्च में इराक में अमेरिकी KC-135 रिफ्यूलिंग विमान दुर्घटनाग्रस्त होने से छह और सैनिकों की जान चली गई। वहीं हाल ही में अरब सागर में हेलीकॉप्टर दुर्घटना में एक नौसेना पायलट की भी मौत हुई।
रिपोर्ट के मुताबिक, उत्तरी इराक में एक अमेरिकी सैनिक ईरानी ड्रोन के मलबे को निष्क्रिय करने के दौरान हुए नियंत्रित विस्फोट में भी मारा गया, जबकि एक अन्य सैनिक घायल हुआ।
दूसरी ओर, ईरानी अधिकारियों का दावा है कि पिछले तीन सप्ताह में अमेरिकी हमलों में कम से कम 50 लोगों की मौत और 500 से अधिक लोग घायल हुए हैं। संघर्ष के कारण खाड़ी क्षेत्र, इजरायल और लेबनान में भी कई नागरिक और विदेशी कर्मचारी जान गंवा चुके हैं।