पश्चिम बंगाल में तृणमूल कांग्रेस के नेताओं पर कार्रवाई का सिलसिला जारी है। इस बार उत्तर 24 परगना के बाडुड़िया और दक्षिण 24 परगना के पाथरप्रतिमा से दो बड़े नेताओं की गिरफ्तारी ने राजनीतिक हलचल बढ़ा दी है।
बाडुड़िया नगरपालिका के चेयरमैन दीपंकर भट्टाचार्य को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। उनके पास से करीब 80 लाख रुपये नकद और सरकारी राहत के लिए दी गई बड़ी मात्रा में तिरपाल बरामद किए गए हैं। बताया जा रहा है कि उनके खिलाफ लंबे समय से भ्रष्टाचार के आरोप लग रहे थे और वह पिछले कुछ दिनों से गायब भी थे।
पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि दीपंकर एक होटल में छिपे हुए हैं। जब उन्हें पकड़ा गया तो उनके पास दो बैग मिले, जिनमें कपड़े और दवाइयां थीं। इससे अंदाजा लगाया जा रहा है कि वह लंबे समय तक फरार रहने की तैयारी में थे। उन्हें अब अदालत में पेश किया जाएगा।
इससे पहले पुलिस ने एक पार्टी कार्यालय और एक गार्डन हाउस से करीब 4 हजार सरकारी तिरपाल बरामद किए थे। इस मामले में सीपीएम और बीजेपी दोनों ने शिकायत दर्ज कराई थी, जिसके बाद यह कार्रवाई हुई।
वहीं, दक्षिण 24 परगना के पाथरप्रतिमा में तृणमूल के क्षेत्रीय अध्यक्ष गौतम आड़ी को भी गिरफ्तार किया गया है। उनके घर से बड़ी मात्रा में सरकारी राहत सामग्री बरामद हुई है, जिसमें कंबल, तिरपाल, चटाई और मछली के चारे जैसी चीजें शामिल हैं।
स्थानीय लोगों और विपक्ष का आरोप है कि ये सामान लंबे समय से उनके घर में छिपाकर रखा गया था। सोमवार रात को इलाके में विरोध प्रदर्शन भी हुआ, जिसके बाद पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों की मौजूदगी में घर की तलाशी ली गई।
इन दोनों घटनाओं के बाद राज्य की राजनीति में हलचल तेज हो गई है। विपक्ष सरकार पर हमलावर है, जबकि सत्तारूढ़ दल की ओर से अभी तक इस मामले में आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।