सन्मार्ग संवाददाता
श्री विजयपुरम : सिटीजन फोरम, बिलीग्राउंड ने राष्ट्रीय राजमार्ग-4 (एनएच-4) के निर्माण एवं मरम्मत कार्य में लंबे समय से हो रही देरी के विरोध में 21 जनवरी 2026 को हड़ताल-सह ‘चक्का जाम’ आयोजित किए जाने की पुष्टि की है। यह विरोध विशेष रूप से थोरकटांग से पानीघाट (ऑस्टिन ब्रिज), मायाबंदर तक के मार्ग को लेकर किया जाएगा। सन्मार्ग से बातचीत करते हुए स्वदेश नगर के प्रधान तथा सिटीजन फोरम के सदस्य देबाब्रतो दास ने बताया कि यह निर्णय 17 जनवरी 2026 को आयोजित एक इनडोर बैठक में विस्तृत और सर्वसम्मत विचार-विमर्श के बाद लिया गया। उन्होंने कहा कि फोरम द्वारा पूर्व में एनएचआईडीसीएल को सात दिनों का अल्टीमेटम दिया गया था, जिसमें गुणवत्ता और मात्रा सुनिश्चित करते हुए पूर्ण रूप से सड़क निर्माण कार्य शुरू करने की मांग की गई थी। दास ने आगे बताया कि हाल ही में बिलीग्राउंड में सिटीजन फोरम के प्रतिनिधियों और एनएचआईडीसीएल के महाप्रबंधक के बीच हुई बैठक में यह स्पष्ट किया गया कि फिलहाल केवल अस्थायी रूप से गड्ढों की भराई ही की जा सकती है। एनएचआईडीसीएल के अनुसार, मुख्य भूमि से नए ठेकेदार को लाने और व्यापक निर्माण कार्य शुरू करने में लगभग डेढ़ माह का समय लगेगा। उन्होंने यह भी कहा कि एनएच-4 खंड के लिए तैयार किए गए नए अनुमान को उच्च अधिकारियों द्वारा बार-बार खारिज किया गया है और संशोधित अनुमान तैयार होने की बात कही जा रही है, लेकिन शीघ्र कार्यान्वयन को लेकर कोई ठोस आश्वासन नहीं है।
इन परिस्थितियों को देखते हुए फोरम ने निष्कर्ष निकाला है कि चालू वर्ष में एनएच-4 के इस हिस्से पर पूर्ण रूप से निर्माण कार्य शुरू होने की संभावना नहीं है। इस महत्वपूर्ण राजमार्ग की उपेक्षा से आम जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हुआ है, जिससे यात्रियों, छात्रों, मरीजों, श्रमिकों और स्थानीय निवासियों को भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। दास ने स्पष्ट किया कि प्रस्तावित हड़ताल-सह ‘चक्का जाम’ शांतिपूर्ण, लोकतांत्रिक और संवैधानिक विरोध है, जिसका उद्देश्य जवाबदेही, सुरक्षा, गरिमा और विकास को बहाल करना है। फोरम ने कहा कि जब तक थोरकटांग से पानीघाट (ऑस्टिन ब्रिज) तक एनएच-4 का समयबद्ध और पूर्ण निर्माण कार्य शुरू नहीं होता, तब तक आंदोलन जारी रहेगा। साथ ही, आम जनता से अपील की गई है कि विरोध के दिन बिलीग्राउंड से यात्रा करने से पहले आवश्यक व्यवस्था कर लें।