पूर्व महाराष्ट्र मंत्री और एनसीपी नेता Baba Siddique की हत्या मामले में सुप्रीम कोर्ट ने बड़ा फैसला सुनाया है। Supreme Court of India ने आरोपी आकाशदीप कराज सिंह को मिली जमानत को रद्द करने से इनकार कर दिया।
🔹 अदालत ने कहा कि Bombay High Court का फैसला “वेल-रीज़न्ड” है
🔹 मृतक की पत्नी शहज़ीन सिद्दीकी की याचिका खारिज
🔹 कोर्ट ने साफ कहा—“हर आरोपी को एक ही नजर से नहीं देखा जा सकता”
🔹 जस्टिस जेबी पारदीवाला और केवी विश्वनाथन की बेंच ने हाई कोर्ट के फैसले को सही ठहराया
🔹 याचिकाकर्ता की ओर से आरोपी को Bishnoi gang से जोड़ने की कोशिश की गई
🔹 लेकिन कोर्ट ने कहा—इस संबंध में पर्याप्त सबूत नहीं
🔹 महाराष्ट्र सरकार के वकील के हस्तक्षेप पर कोर्ट ने टिप्पणी की—
“अब जब पीड़ित परिवार आ गया है, तो राज्य भी जाग गया”
🔹 Baba Siddique की 12 अक्टूबर 2024 को मुंबई के बांद्रा में गोली मारकर हत्या
🔹 22 वर्षीय आकाशदीप सिंह इस केस में जमानत पाने वाला पहला आरोपी
🔹 नवंबर 2024 में पंजाब से गिरफ्तार
🔹 पुलिस के अनुसार साजिश Anmol Bishnoi ने रची
🔹 वह Lawrence Bishnoi का भाई है
🔹 केस में अब तक 26 लोगों की गिरफ्तारी और चार्जशीट दाखिल
🔹 MCOCA के तहत कड़ी धाराएं लगाने के लिए पर्याप्त सबूत नहीं
🔹 आरोपी की कम उम्र और आपराधिक रिकॉर्ड का अभाव भी अहम कारण
सुप्रीम कोर्ट के इस फैसले से साफ है कि गंभीर मामलों में भी सिर्फ आरोप नहीं, ठोस सबूत जरूरी हैं—वरना जमानत मिल सकती है।