जगदल : साइबर धोखाधड़ी का एक और चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जिसमें जगदल के श्याम नगर के मनोहर तेज सोमेंग नामक युवक को लाखों रुपये का चूना लगाया गया। अपराधियों ने खुद को एसबीआई कस्टमर केयर एग्जीक्यूटिव बताकर उनकी मेहनत की कमाई पर हाथ साफ कर दिया। यह घटना एक बार फिर इस बात को उजागर करती है कि ऑनलाइन फ्रॉड करने वाले अपराधी किस तरह नई-नई तरकीबें अपनाकर आम जनता को निशाना बना रहे हैं।
मनोहर तेज सोमेंग को एक अज्ञात नंबर से कॉल आया। फोन करने वाले ने खुद को बैंक अधिकारी बताया और चालाकी से उनके बैंक खाते से जुड़ी गोपनीय जानकारी, जैसे कि अकाउंट नंबर और ओटीपी हासिल कर ली। जैसे ही मनोहर ने ये जानकारियां साझा कीं, उनके बैंक खाते से 4 लाख 58 हजार 999 रुपये निकाल लिए गए। उन्हें जब अपनी धोखाधड़ी का पता चला, तो उन्होंने तुरंत जगदल के बासुदेवपुर थाने में इसकी शिकायत दर्ज कराई।
शिकायत मिलते ही पुलिस ने तुरंत कार्रवाई शुरू कर दी। डीसी नॉर्थ जोन, गणेश विश्वास, ने बताया कि पुलिस ने इस मामले की गहनता से जांच की और साइबर अपराधियों को पकड़ने में सफलता हासिल की। जांच के दौरान, पुलिस ने ठगे गए पैसों में से 1,24,424 रुपये वापस दिलवाने में कामयाबी पाई, जो पीड़ित के लिए एक बड़ी राहत थी।
पुलिस ने इस साइबर ठगी गिरोह के दो सदस्यों को सबंग थाना इलाके से गिरफ्तार किया है। आरोपियों की पहचान सबुज भुइयां और सुरजीत जाना के रूप में हुई है। दोनों को अदालत में पेश किया गया, जहाँ से उन्हें 6 दिनों की पुलिस हिरासत में भेज दिया गया है। पुलिस उनसे पूछताछ कर रही है ताकि इस गिरोह के अन्य सदस्यों और उनके काम करने के तरीकों का पता लगाया जा सके।
यह घटना लोगों के लिए एक बड़ी चेतावनी है। बैंक अधिकारी या कोई भी वित्तीय संस्थान कभी भी फोन पर आपसे आपकी गोपनीय जानकारी, जैसे कि पासवर्ड, पिन, या ओटीपी नहीं मांगते हैं। ऐसे किसी भी कॉल पर भरोसा न करें और तुरंत पुलिस को सूचित करें। अपनी मेहनत की कमाई को सुरक्षित रखने के लिए हमेशा सतर्क रहें।