बेंगलुरु/नई दिल्ली: कर्नाटक में कांग्रेस सरकार के बहुप्रतीक्षित मंत्रिमंडल विस्तार का रास्ता साफ होता नजर आ रहा है। पार्टी सूत्रों के अनुसार, राज्य में कल यानी सोमवार, 3 अगस्त को नए मंत्रियों का शपथ ग्रहण समारोह हो सकता है।
इस अहम फैसले से पहले, नई दिल्ली में कांग्रेस के शीर्ष नेतृत्व ने मैराथन बैठकें कर उम्मीदवारों के नामों पर अंतिम मुहर लगा दी है। पिछले कुछ दिनों से राष्ट्रीय राजधानी में पार्टी अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे, लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी, एआईसीसी महासचिव के.सी. वेणुगोपाल, कर्नाटक प्रभारी रणदीप सुरजेवाला, मुख्यमंत्री डी.के. शिवकुमार और पूर्व मुख्यमंत्री सिद्धारमैया के बीच लगातार मंत्रणा चल रही थी।
इन उच्चस्तरीय बैठकों में मुख्य रूप से क्षेत्रीय प्रतिनिधित्व, जातीय समीकरण, विभिन्न समुदायों की हिस्सेदारी और लैंगिक संतुलन को साधने पर विशेष जोर दिया गया है, ताकि सभी पक्षों को संतुष्ट किया जा सके।
इतने विधायकों को बना सकते हैं डीके
सूत्रों के मुताबिक, इस विस्तार में करीब 18 विधायकों को मंत्री बनाया जा सकता है। मुस्लिम समुदाय, महिलाओं, अंहिदा वर्ग और युवा विधायकों को पर्याप्त प्रतिनिधित्व देने पर विशेष जोर है। साथ ही डी के शिवकुमार और सिद्धारमैया समर्थक विधायकों के बीच भी संतुलन साधने की कोशिश की जा रही है।
ये लोग बन सकते हैं मंत्री
बैठकों में नए नामों में रिजवान अर्शद, कनीज फातिमा और तनवीर सैत जैसे नेताओं के नामों पर चर्चा हुई। वहीं डी के शिवकुमार लक्ष्मी हेब्बालकर को मंत्रिमंडल में शामिल कराने के पक्ष में बताए जा रहे हैं। इसके अलावा बी. जेड. जमीर और शरथ बाचे गौड़ा जैसे नामों पर भी विचार हुआ। इसी सप्ताह कर्नाटक भवन में सिद्धारमैया और डी के शिवकुमार की अलग से बैठक हुई थी, जिसके बाद दोनों नेताओं ने प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष बी के हरिप्रसाद के साथ खड़गे के आवास पर पार्टी नेतृत्व से चर्चा की थी ।
उपमुख्यमंत्री के पद में कोई बदलाव होने की संभावना नहीं
इसके बाद अंतिम सूची पर कांग्रेस आलाकमान की मुहर लग गई जिसके बाद सोमवार को मंत्रिमंडल विस्तार की औपचारिक घोषणा होने की संभावना है। मंत्रिमंडल विस्तार में नए मंत्रियों को शपथ दिलाई जाएगी। राज्य में फिलहाल एक ही उपमुख्यमंत्री हैं और मौजूदा संकेतों के अनुसार उपमुख्यमंत्री के पद में कोई बदलाव होने की संभावना नहीं है।