नयी दिल्ली : भारत के लिये सर्वाधिक अंतरराष्ट्रीय हॉकी मैच खेलने वाले मनप्रीत सिंह ने इतने लंबे करियर का श्रेय फिटनेस को दिया। उन्होंने कहा कि वह इस मामले में चैंपियन क्रिकेटर विराट कोहली का अनुसरण करते हैं। मनप्रीत ने FIH प्रो लीग में जर्मनी के खिलाफ मैच के दौरान भारत के पूर्व कप्तान और हॉकी इंडिया अध्यक्ष दिलीप टिर्की का 412 अंतरराष्ट्रीय मैचों का रिकॉर्ड तोड़ा। अब 413 मैचों के साथ वह सर्वकालिक सूची में पांचवें स्थान पर हैं और शीर्ष पांच में अकेले सक्रिय खिलाड़ी हैं। इस अनुभवी मिडफील्डर ने रोटरडम से मीडिया से आनलाइन बातचीत में कहा, ‘सभी को पता है कि विराट फिटनेस को कितनी अहमियत देते हैं।
मेरे लिये ही नहीं बल्कि हर खिलाड़ी के लिये वह आदर्श है। हर कोई उनसे सीखता है कि शीर्ष स्तर पर लगातार अच्छा खेलने के लिये कैसे फिट रहना है।’ उन्होंने कहा, ‘मैने भी उनसे काफी कुछ सीखा है। वह मैदान पर आक्रामक रहते हैं और अपना शत प्रतिशत देते हैं। वह भी मेरी तरह क्रिस्टियानो रोनाल्डो के प्रशंसक हैं। वह भी काफी ध्यान रखते हैं कि क्या खाना है और क्या नहीं।’ टोक्यो ओलंपिक 2020 में भारत को 41 साल बाद कांस्य पदक दिलाने वाले पूर्व कप्तान ने कहा कि भारत के लिये लंबे समय तक खेलने की ललक ने उन्हें फिटनेस बनाये रखने के लिये प्रेरित किया। उन्होंने कहा, ‘भारत के लिये खेलते रहने की ललक ने मुझे फिटनेस बनाये रखने के लिये प्रेरित किया।
विश्व स्तरीय हॉकी में फिट रहना बहुत जरूरी है और उम्र के साथ मैने इस पर अधिक ध्यान देना शुरू किया है।’ उन्होंने यह भी कहा कि उनकी ख्वाहिश विश्व कप में पदक और ओलंपिक स्वर्ण जीतने की है। उन्होंने कहा, ‘मेरा सपना ओलंपिक स्वर्ण और विश्व कप में पदक जीतना है। मुझे पता है कि युवाओं से प्रतिस्पर्धा के लिये फिट रहना जरूरी है। मेरा परिवार मुझे हमेशा इसके लिये प्रेरित करता है।’ मनप्रीत ने अगले लक्ष्य के बारे में कहा, ‘मैं लॉस एंजिलिस ओलंपिक खेलना चाहता हूं लेकिन उसके लिये फिट रहना होगा। मैं इस पर मेहनत कर रहा हूं। एशियाई खेलों के बाद अपनी फिटनेस का आकलन करूंगा और लगता है कि पूरी तरह फिट नहीं हूं तो फैसला लूंगा।’