नयी दिल्ली : एशियाई खेलों में पदार्पण करने जा रहे कार्तिक करकेरा आइची-नागोया में पुरुषों की मैराथन में अन्य तेज धावकों से मिलने वाली चुनौती से बखूब वाकिफ हैं, लेकिन उनका मानना है कि उनके पास पदक जीतने का मौका है। करकेरा का व्यक्तिगत सर्वश्रेष्ठ समय दो घंटे 13 मिनट 10 सेकेंड है। उन्होंने स्वीकार किया कि जापान के युया योशिदा और इचिटाका यामाशिता काफी बेहतरीन खिलाड़ी हैं जो दो घंटे छह मिनट से कम समय में मैराथन पूरी कर चुके हैं।
करकेरा ने कहा, ‘निश्चित रूप से उनका काफी दबदबा है और वे मैराथन में हिस्सा लेने वाले दोनों भारतीय धावकों से काफी तेज भी हैं।’ एशियाई खेलों की मैराथन स्पर्धा में करकेरा और सावन बरवाल दो भारतीय हिस्सा लेंगे। इनमें से बरवाल ने इस साल दो मिनट 11 मिनट 58 सेकेंड का समय निकाला था। उन्होंने कहा, ‘हमें नहीं पता कि पिछले दो-तीन महीनों में उनकी तैयारी कैसी रही है।
वे बहुत ठंडे मौसम में भी भाग चुके हैं। यह इस बात पर निर्भर करता है कि पिछले कुछ महीनों में आपकी तैयारी कैसी रही है और उस खास दिन आप कैसा महसूस कर रहे हैं।’ करकेरा ने कहा, ‘अगर आपका दिन अच्छा रहा और आप तैयार हैं तो भले ही परिस्थितियां कैसी भी हों और अन्य मैराथन धावकों का व्यक्तिगत सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन कैसा भी हो तो भी आप पोडियम में स्थान हासिल कर सकते हो।’