नयी दिल्ली : भारत के स्टार खिलाड़ी लक्ष्य सेन ने मंगलवार को यहां इंडिया ओपन सुपर 750 बैडमिंटन टूर्नामेंट के दूसरे दौर में जगह बनाने के बाद स्वीकार किया कि परिस्थितियां थोड़ी मुश्किल थी लेकिन उन्हें दूसरे दौर से बेहतर प्रदर्शन की उम्मीद है। लक्ष्य ने आईजी स्टेडियम में पुरुष एकल के पहले दौर के मुकाबले में हमवतन आयुष शेट्टी को 36 मिनट में 21-12, 21-15 से हराया। लक्ष्य अपने प्रदर्शन से खुश हैं लेकिन उन्हें अगले दौर में परिस्थितियों से बेहतर तरीके से सामंजस्य बैठाने की उम्मीद है। लक्ष्य ने मैच के बाद कहा, ‘मुझे लगता है कि मैं जिस तरह से खेला उससे खुश हूं। हालात थोड़े मुश्किल थे। इस स्टेडियम में यह पहला मैच है इसलिए मुझे उम्मीद नहीं थी कि यह इतना मुश्किल होगा लेकिन मुझे लगता है कि दूसरे दौर से यह बेहतर हो जाएगा।’
उन्होंने कहा, ‘मुझे लगा था कि हॉल बड़ा है इसलिए शटल थोड़ी धीमी जा सकती है लेकिन कि यह काफी तेजी से आ रही थी और थोड़ा ड्रिफ्ट भी था। मुझे लगता है कि पहले दौर में हमेशा आपको हालात के हिसाब से ढलना पड़ता है।’ भारतीय खिलाड़ी के खिलाफ खेलने के बारे में लक्ष्य ने कहा कि उन्हें इससे कोई फर्क नहीं पड़ता कि उनका प्रतिद्वंद्वी कौन है और वह सिर्फ जीतने के इरादे से खेलते हैं। इंडिया ओपन के पूर्व चैंपियन लक्ष्य ने कहा, ‘आयुष अच्छा प्रतिद्वंद्वी है। हम कई बार साथ में अभ्यास करते हैं। वह अब लगभग एक साल से सर्किट में है। मुझे लगता है कि मैं हर किसी के खिलाफ जीतने के लिए प्रेरित हूं। कोर्ट पर कदम रखने के बाद मुझे लगता है कि सिर्फ आपका प्रतिद्वंद्वी मायने रखता है।’
उन्होंने कहा, ‘मैं इसे बस एक अन्य मैच की तरह लेता हूं लेकिन वह सच में बहुत अच्छा प्रतिद्वंद्वी है और मुझे मैच में पूरी तैयारी के साथ आना पड़ा।’ इसी साल अगस्त में इसी स्थान पर विश्व चैंपियनशिप का भी आयोजन होना है लेकिन लक्ष्य ने कहा कि वह अभी उतरी दूर के टूर्नामेंट के बारे में नहीं सोच रहे। पिछले हफ्ते मलेशिया ओपन के क्वार्टर फाइनल में शिकस्त झेलने वाले लक्ष्य ने कहा, ‘मैं अभी एक बार में सिर्फ एक मैच के बारे में सोच रहा हूं। मैं बहुत आगे की नहीं सोच रहा हूं। बस अब अगले मैच पर ध्यान दे रहा हूं।’ लक्ष्य को पहले दौर में एक अन्य भारतीय खिलाड़ी से भिड़ना पड़ा जिस पर उन्होंने कहा, ‘लगभग हर साल ऐसा लगता है। मुझे लगता है कि ड्रॉ इसी तरह का है।
ड्रॉ में पांच-छह भारतीय हैं तो पहले दौर में किसी अन्य भारतीय के साथ खेलना सामान्य बात है।’ लक्ष्य को आयुष के खिलाफ दूसरे गेम में थोड़ी परेशानी हुई जिस पर उन्हें कहा कि हवा के कारण उन्हें सामंजस्य बैठाने में थोड़ी परेशानी हुई। उन्होंने कहा, ‘मुझे लगता है कि दोनों तरफ से थोड़ी हवा भी चल रही थी। तो मुझे लगता है कि दूसरे गेम में हवा से सामंजस्य बैठाने में मुझे थोड़ा समय लगा। साथ ही उसने भी दूसरे गेम में अच्छा खेल दिखाया।’ लक्ष्य ने इस साल के लिए कोई बड़ा लक्ष्य नहीं बनाया है लेकिन उन्होंने कहा कि रैंकिंग बनाए रखना महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा, ‘इस साल बड़े टूर्नामेंट होने वाले हैं। तो मुझे लगता है कि अच्छी रैंकिंग बनाए रखना जरूरी होगा। लेकिन बड़े टूर्नामेंट के लिए सही समय पर अपना शीर्ष स्तर का खेल दिखाना होगा। हमें अच्छे अभ्यास के लिए कुछ टूर्नामेंट छोड़ने होंगे जिससे कि आखिर में जब एशियाई खेल और विश्व चैंपियन आने वाले हों तो हम उनके लिए बेहतर तरीके से तैयार रहें।’
आयुष ने स्वीकार किया कि उनकी शुरुआत खराब रही और लक्ष्य शटल को काफी अच्छी तरह नियंत्रित करने में सफल रहा। उन्होंने कहा, ‘लक्ष्य ने अच्छी शुरुआत की। मेरी शुरुआत काफी खराब रही और मुझे लगता है कि लक्ष्य शटल को बहुत अच्छी तरह नियंत्रित कर रहा था।’ आयुष ने कहा, ‘मुझे लगता है कि मैंने शुरुआत में बहुत बड़ी बढ़त दे दी। वह नेट पर काफी अच्छा खेल दिखा रहा था और मैं कभी भी नेट पर हावी नहीं हो पाया। मुझे लगता है कि यही अंतर साबित हुआ।’ दूसरे गेम में वापसी करने के संदर्भ में आयुष ने कहा, ‘मैंने दूसरे गेम में बेहतर शुरुआत की लेकिन मुझे लगता है कि जैसे ही उसने स्कोर बराबर किया तो मैं दबाव में आ गया। उसने पूरे मैच में काफी ठोस खेल दिखाया।’ आयुष ने लक्ष्य के साथ ट्रेनिंग करने के बारे में कहा, ‘उसका डिफेंस बहुत अच्छा है। साथ ही वह आक्रमण करने में भी काफी अच्छा है। उसके पास बहुत सारे वैरिएशन हैं। लेकिन मैं आज के प्रदर्शन से निराश हूं। मैं इंडिया ओपन में अच्छा करना चाहता था।’