सिलीगुड़ी
सिलीगुड़ी में 91 लाख रुपये से अधिक की साइबर ठगी के मामले में पुलिस ने एक निजी बैंक के डिप्टी ब्रांच मैनेजर को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपित की पहचान अनिर्बान सिकदर के रूप में हुई है। आरोप है कि उसने एक युवती के नाम पर फर्जी पते के आधार पर बैंक खाता खोलने और साइबर ठगी की रकम के लेनदेन में मदद की थी। इस खाते में 91 लाख 21 हजार रुपये जमा हुए थे। प्रधाननगर थाने की पुलिस मामले की जांच कर रही है।
पुलिस सूत्रों के अनुसार, इस मामले में कुछ दिन पहले मनीषा मंडल नामक युवती को गिरफ्तार किया गया था। उससे पूछताछ के दौरान मिली जानकारी के आधार पर जांचकर्ताओं का ध्यान बैंक के अधिकारी की भूमिका पर गया। इसके बाद पुलिस ने मामले की जांच आगे बढ़ाते हुए अनिर्बान सिकदर को गिरफ्तार किया।
जांच में कथित तौर पर पता चला कि बैंक अधिकारी ने आवश्यक दस्तावेजों और पते का समुचित सत्यापन किए बिना समरनगर के एक फर्जी पते पर मनीषा मंडल के नाम से बैंक खाता खुलवाया था। आरोप है कि साइबर ठगी से हासिल 91 लाख 21 हजार रुपये इसी खाते में जमा किए गए। बाद में खाते से पूरी रकम निकालकर उसे बंद कर दिया गया।
पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार बैंक अधिकारी सिलीगुड़ी के बर्दवान रोड स्थित गोल्डन प्लाजा भवन की मुख्य शाखा में डिप्टी ब्रांच मैनेजर के पद पर कार्यरत था।
गिरफ्तार आरोपित को पुलिस हिरासत में लेने की मांग के साथ अदालत में पेश किए जाने की बात कही गई है। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि इस कथित साइबर ठगी गिरोह में और कौन-कौन शामिल हैं तथा इतनी बड़ी रकम का लेनदेन किस तरह किया गया।