राजस्थान

राजस्थान: कड़ाके की ठंड और घना कोहरा

राज्य में अनेक जगह घने कोहरे से दृश्यता 'शून्य' तक रही और इसका असर आवागमन के साथ साथ सामान्य जनजीवन पर पड़ा।

जयपुर: राजस्थान के अधिकतर इलाकों में कड़ाके की सर्दी का दौर जारी है जहां बुधवार सुबह भी अनेक इलाके घने कोहरे में रहे। मौसम विभाग ने कई जिलों में शीतलहर जारी रहने तथा घना कोहरा छाने की चेतावनी दी है। मौसम केंद्र जयपुर ने बुधवार को सुबह बताया कि बीते चौबीस घंटे में राज्य में अनेक जगह घना कोहरा दर्ज किया गया। राजधानी जयपुर में भी घना कोहरा छाया रहा। राज्य के अनेक इलाकों में लगातार शीतलहर व शीत दिवस दर्ज किया गया है।

न्यूनतम तापमान 4.5 डिग्री

बीते चौबीस घंटे में न्यूनतम तापमान सीकर में 4.5 डिग्री, सिरोही में 4.7 डिग्री सेल्सियस, सीकर में 4.9 डिग्री, फलोदी में 5.8 डिग्री, अजमेर में 5.9 डिग्री, अलवर में 6.1 डिग्री, गंगानगर व चूरू में 6.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। राजधानी जयपुर में इस दौरान अधिकतम व न्यूनतम तापमान क्रमश: 18.5 डिग्री व 6.3 डिग्री सेल्सियस रहा। मौसम विभाग ने बूंदी, करौली, कोटा और सवाई माधोपुर में आज तथा कल शीत दिवस रहने व घना कोहरा छाए रहने की चेतावनी जारी की है।

शीत दिवस कब घोषित होता है?

भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार, शीत दिवस तब घोषित किया जाता है जब अधिकतम तापमान सामान्य से 4.5 से 6.4 डिग्री सेल्सियस कम रहता है। राजधानी जयपुर व आसपास के इलाकों में बुधवार को लगातार दूसरे दिन सुबह घना कोहरा छाया रहा। राज्य में अनेक जगह घने कोहरे से दृश्यता 'शून्य' तक रही और इसका असर आवागमन के साथ साथ सामान्य जनजीवन पर पड़ा।

प्रशासन ने रैन बसेरे बनाए

तापमान में गिरावट और धूप नहीं निकलने के कारण जनजीवन प्रभावित हुआ है। राजमार्ग पर वाहन धीमी गति से चलते दिखे। लोग सर्दी से बचने के लिए अलाव का सहारा ले रहे हैं। प्रशासन ने शहरों में कई जगह 'रैन बसेरे' बनाए हैं। मौसम विभाग के अनुसार, राज्य में आगामी सप्ताह मौसम शुष्क रहने तथा आगामी दिनों में अनेक जगह सुबह के समय घना कोहरा व शीत दिन दर्ज होने की संभावना है।

तापमान में गिरावट की आशंका

इसके साथ ही आगामी एक-दो दिन में न्यूनतम तापमान में 1 से 2 डिग्री गिरावट हो सकती है। राज्य में शीतलहर जारी रहने की चेतावनी को देखते हुए प्रशासन ने जयपुर, गंगानगर, हनुमानगढ़ व सीकर सहित दर्जन भर से अधिक जिलों में स्कूलों में विशेष रूप से प्राथमिक कक्षाओं के लिए शीतकालीन छुट्टियां बढ़ा दी हैं।

SCROLL FOR NEXT