प्रशांत बर्मन का नाम प्रोसिडिंग से बाहर किया जाए
जितेंद्र, सन्मार्ग संवाददाता
कोलकाता : स्वर्ण व्यावसाई स्वप्न कमीला की हत्या के लेकर दायर पीआईएल में उसकी पत्नी भी पार्टी बनना चाहती है। चीफ जस्टिस रविंद्र भी घुगे और जस्टिस तपव्रत चक्रवर्ती के डिवीजन बेंच में उसने पिटीशन दायर किया है। उसने आरोप लगाया है कि उसे धमकी मिल रही है। अगली सुनवाई में एडिशनल एडवोकेट जनरल इस मामले में एक विस्तृत रिपोर्ट दाखिल करेंगे।
एडवोकेट प्रभात श्रीवास्तव ने बताया कि चीफ जस्टिस के बेंच ने कहा है कि यह पीआईएल एक स्पेशलाइज्ड एजेंसी से जांच करने की अपील करते हुए दायर की गई है। सीआईडी इस मामले की जांच कर रही है। मृतक की विधवा पत्नी को धमकी मिल रही है। इसलिए मृतक की विधवा पत्नी को इस मामले में पार्टी बनाए जाने का आदेश दिया जा रहा है। पीआईएल दायर करने वाले के एडवोकेट और एडिशनल एडवोकेट जनरल ने कहा कि उन्हें मृतक की पत्नी को पार्टी बनाने से कोई एतराज नहीं है। प्रशांत बर्मन के एडवोकेट कहा कि उन्हें इस मामले में कोई निर्देश नहीं है। मृतक की विधवा पत्नी ने अपने पिटीशन में कहा है कि उसे धमकी इसलिए मिल रही है क्योंकि वह अपने पति के हत्यारों को सजा दिलाना चाहती है। प्रशांत बर्मन के एडवोकेट की दलील थी कि उसे सिर्फ इस आधार पर मामले से बाहर नहीं किया जाए क्योंकि इसे लेकर एक पीआईएल दायर की गई है।