रामबालक, सन्मार्ग संवाददाता
दक्षिण 24 परगना : आगामी विधानसभा चुनाव में एसयूसीआई (सी) पश्चिम बंगाल राज्य कमेटी 230 सीटों पर अकेले चुनाव लड़ रही है, जिनमें से दक्षिण 24 परगना जिले की 31 में से 26 सीटें शामिल हैं। एसयूसीआई की राज्य सचिव मंडली के सदस्य तरुण कांति नस्कर ने कहा कि इस चुनाव की विशेषता यह है कि 60 लाख से अधिक “विवादित” मतदाताओं का निर्णय किए बिना चुनाव घोषित किया गया है। इससे लाखों लोग मतदान के अधिकार से वंचित हो सकते हैं। ऐसे में वे भ्रष्टाचार और अन्याय के खिलाफ जनसंघर्ष को मजबूत करेंगे। तरुण कांति नस्कर ने बारुईपुर में प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित कर रहे थे। इस मौके पर जय कृष्ण हालदार, गोपाल साहू, बादल सरदार और निरंजन नस्कर मौजूद थे। तरुण कांति नस्कर ने कहा कि हम इसका विरोध करते हैं और शीघ्र समाधान की मांग करते हैं। राज्य और केंद्र की सत्ताधारी पार्टियां तृणमूल और भाजपा भ्रष्टाचार, हिंसा और विभाजन की राजनीति कर रही हैं। बेरोजगारी, महंगाई, शिक्षा और स्वास्थ्य संकट से आम जनता परेशान है। चुनाव आयोग की मतदाता सूची संशोधन प्रक्रिया ने खासकर गरीबों, महिलाओं और अल्पसंख्यकों को प्रभावित किया है। देश में पूंजीपतियों के शोषण से आर्थिक संकट गहरा रहा है, रोजगार घट रहे हैं और श्रमिकों के अधिकार कमजोर हो रहे हैं। शिक्षा का निजीकरण बढ़ रहा है और किसान-विरोधी नीतियां चरम पर हैं। उनकी पार्टी जनआंदोलन और वर्ग संघर्ष के जरिए जनता के अधिकारों की रक्षा के लिए काम कर रही है। सुंदरबन में रोजगार, बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं, मजबूत बांध, स्कूलों की सुरक्षा, परिवहन और बुनियादी ढांचे के विकास सहित विभिन्न मांगों को लेकर हम चुनाव लड़ रहे हैं और जनता से समर्थन की अपील करते हैं।