दीपक, सन्मार्ग संवाददाता
नई दिल्ली/कोलकाता : पश्चिम बंगाल सरकार एक महीने के भीतर नई एमएसएमई नीति तैयार करने की योजना बना रही है। राज्य के एमएसएमई एवं वस्त्र मंत्री दीपक बर्मन ने बुधवार को नई दिल्ली में आयोजित भारतीय व्यापार महोत्सव 2026 में पश्चिम बंगाल एमएसएमई पवेलियन का वर्चुअल उद्घाटन करते हुए यह जानकारी दी। बर्मन ने कहा कि नई नीति के तहत राज्य के एमएसएमई उद्योगों को विभिन्न प्रकार के प्रोत्साहन देने की योजना है। इसके लिए जल्द ही एक अलग प्रोत्साहन नीति भी तैयार की जाएगी। उन्होंने कहा कि सरकार राज्य में एमएसएमई क्षेत्र को बढ़ावा देने और उद्यमियों के लिए कारोबार का माहौल बेहतर बनाने की दिशा में काम कर रही है। मंत्री ने देशभर के उद्यमियों से पश्चिम बंगाल को औद्योगिक निवेश का गंतव्य बनाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि राज्य में नए औद्योगिक पार्क स्थापित करने का नीतिगत निर्णय लिया गया है। हालांकि, अभी तक इसके लिए कहीं भूमि का अधिग्रहण नहीं किया गया है। उन्होंने कहा कि मौजूदा औद्योगिक पार्कों में भी बुनियादी ढांचे को मजबूत किया जाएगा। इनमें सड़क, पानी और बिजली जैसी न्यूनतम सुविधाएं सुनिश्चित की जाएंगी, ताकि उद्योगों की स्थापना में दिक्कत न हो। सरकार भूमि सीमा संबंधी प्रावधानों को हटाने की दिशा में भी काम कर रही है और इसे अगले वर्ष से पहले लागू किए जाने की उम्मीद है। बर्मन ने कहा कि उद्यमियों की विभिन्न समस्याओं के समाधान के लिए वन-विंडो क्लीयरेंस सिस्टम शुरू किया जाएगा। साथ ही कानून-व्यवस्था समेत कारोबार से जुड़ी अन्य समस्याओं के समाधान पर भी सरकार ध्यान देगी। मंत्री ने कहा कि पश्चिम बंगाल सरकार MSME क्षेत्र को देश में अग्रणी बनाने के लिए प्रतिबद्ध है। राज्य के हस्तशिल्प और जीआई टैग वाले उत्पादों को घरेलू और अंतरराष्ट्रीय बाजारों में बढ़ावा देने तथा उनकी ब्रांडिंग और मार्केटिंग की भी योजना है। उन्होंने देशभर के उद्यमियों को पश्चिम बंगाल में निवेश के लिए आमंत्रित करते हुए कहा कि राज्य सरकार उनके साथ खड़ी है।