रामबालक, सन्मार्ग संवाददाता
दक्षिण 24 परगना : कुलपी में चार बेटों के नाम मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) की नोटिस मिलने के बाद एक महिला की कथित तौर पर मानसिक तनाव के चलते मौत हो गई। मृतका का नाम खालिदा बीबी है। परिवार का आरोप है कि एसआईआर नोटिस को लेकर चिंता और डर के कारण वह बीमार पड़ीं और अंततः उसकी मौत हो गई। खालिदा बीबी कुलपी के करंजली इलाके की रहने वाली थीं। उसके चार बेटे हैं। कुछ दिन पहले उसके चारों बेटों के नाम एसआईआर सुनवाई की नोटिस उनके घर पहुंची थी। नोटिस में तय तारीख पर आवश्यक कागजात और दस्तावेजों के साथ सुनवाई केंद्र में उपस्थित होने का निर्देश दिया गया था। नोटिस मिलने के बाद से ही खालिदा अपने बेटों के भविष्य को लेकर लगातार चिंता में रहने लगी थी। परिवार का दावा है कि मानसिक दबाव के चलते उसकी तबीयत बिगड़ गई। हालत गंभीर होने पर परिजन उसे तुरंत अस्पताल लेकर गए, जहां चिकित्सकों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। मौत के वास्तविक कारणों का पता लगाने के लिए पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। परिवार की शिकायत की जांच की जा रही है। खालिदा की मौत की खबर मिलने पर कुलपी ब्लॉक तृणमूल कांग्रेस नेता उसके घर पहुंचे। उन्होंने इस मौत के लिए चुनाव आयोग और भाजपा को जिम्मेदार ठहराया। इस बीच, दक्षिण 24 परगना के मगराहाट में एसआईआर सुनवाई की जिम्मेदारी संभाल रहे एक सहायक निर्वाचक पंजीकरण अधिकारी (एआरओ) के बीमार पड़ने की खबर भी सामने आई है। उनका नाम जिन्नात अमान खातून है। वह सुनवाई केंद्र में ही अचानक अस्वस्थ हो गईं। सहकर्मियों के अनुसार, लंबे समय तक लगातार काम और अत्यधिक मानसिक दबाव के कारण उनकी तबीयत बिगड़ी। उन्हें तुरंत पहले बनेश्वर ग्रामीण अस्पताल ले जाया गया। बाद में चिकित्सकों ने उन्हें डायमंड हार्बर मेडिकल कॉलेज और अस्पताल रेफर करने का निर्णय लिया। फिलहाल वह वहीं चिकित्सकों की निगरानी में हैं।